Tourism Budget: पर्यटन बजट 2026

By Dhanarekha | Updated: February 2, 2026 • 2:08 PM

भारत बनेगा दुनिया का पसंदीदा ‘ऑल-सीजन’ डेस्टिनेशन

नई दिल्ली: सरकार ने देश के 50 चुनिंदा शहरों को अंतरराष्ट्रीय मानकों(Tourism Budget) के अनुरूप विकसित करने का निर्णय लिया है। इसमें वाराणसी, मथुरा, हम्पी और उज्जैन जैसे आध्यात्मिक केंद्रों(Spiritual Centres) से लेकर पुरातात्विक स्थलों तक को शामिल किया गया है। इन शहरों में बुनियादी सुविधाओं को इस तरह डिजाइन किया जाएगा कि वे विदेशी पर्यटकों की जरूरतों को पूरा कर सकें। इससे न केवल टियर 2 और टियर 3 शहरों की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि भारत के विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserve) में भी भारी बढ़ोतरी होगी

बौद्ध सर्किट और पूर्वोत्तर भारत पर विशेष फोकस

धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन(Tourism Budget) को बढ़ावा देने के लिए पूर्वोत्तर राज्यों (अरुणाचल प्रदेश, असम, सिक्किम आदि) के विकास हेतु 6,812 करोड़ रुपये का विशाल बजट आवंटित किया गया है। सरकार का विशेष जोर ‘बौद्ध सर्किट’ को विकसित करने पर है, ताकि दुनिया भर के बौद्ध पर्यटकों को आकर्षित किया जा सके। इसके साथ ही, 15 ऐतिहासिक और पुरातात्विक स्थलों जैसे लोथल और राखीगढ़ी को ‘एक्स्पिीरियंशियल कल्चरल डेस्टिनेशन’ के रूप में बदला जाएगा, जहाँ आधुनिक तकनीक (Immersive Storytelling) के जरिए इतिहास को जीवंत किया जाएगा।

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एडवेंचर टूरिज्म और सीप्लेन सेवा की नई पहल

पर्यटन(Tourism Budget) को केवल स्मारकों तक सीमित न रखकर अब एडवेंचर और ईको-टूरिज्म पर भी ध्यान दिया जा रहा है। हिमालयी राज्यों में ‘माउंटेन ट्रेल्स’ और तटीय राज्यों में ‘टर्टल ट्रेल्स’ विकसित किए जाएंगे। बजट की एक और क्रांतिकारी घोषणा ‘सीप्लेन वीजीएफ योजना’ है, जिसके तहत भारत में ही जल-विमानों का निर्माण और संचालन किया जाएगा। इसके अलावा, वन्यजीव संरक्षण के लिए ‘ग्लोबल बिग कैट समिट’ का आयोजन भारत की ब्रांडिंग एक जिम्मेदार और विविध पर्यटन राष्ट्र के रूप में करेगा।

‘नेशनल डेस्टिनेशन डिजिटल नॉलेज ग्रिड’ क्या है और यह पर्यटकों की कैसे मदद करेगा?

यह एक डिजिटल डेटाबेस है जो भारत के सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों की जानकारी, इतिहास और सुविधाओं को एक जगह संकलित करेगा। इसके माध्यम से विदेशी पर्यटक अपनी यात्रा की बेहतर योजना बना सकेंगे और स्थानीय हस्तशिल्प, गाइड तथा होम-स्टे जैसी सेवाओं से सीधे जुड़ सकेंगे, जिससे स्थानीय रोजगार बढ़ेगा।

भारत को ‘ऑल-सीजन डेस्टिनेशन’ बनाने के लिए बजट में क्या विशेष प्रावधान हैं?

भारत को साल के हर महीने पर्यटन के योग्य बनाने के लिए सरकार विविध क्षेत्रों पर काम कर रही है। इसमें एडवेंचर ट्रेल्स, बौद्ध सर्किट और मंदिरों के नवीनीकरण के साथ-साथ एयरपोर्ट नियमों को सरल बनाना और 10,000 गाइडों को IIM के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग देना शामिल है, ताकि पर्यटकों को हर मौसम में उत्कृष्ट सेवाएं मिल सकें।

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