National- मृतकों के नाम पर फंड जुटाने का आरोप, AIMIM नेता शोएब जामई के खिलाफ केस दर्ज

By Anuj Kumar | Updated: March 30, 2026 • 2:23 PM

नई दिल्ली । शोएब जामई एक बड़े विवाद में घिर गए हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने हत्या के मामलों में मारे गए युवकों के नाम पर सोशल मीडिया (Social Media) के जरिए लाखों रुपये का चंदा जुटाया, लेकिन यह राशि पीड़ित परिवारों तक नहीं पहुंचाई गई। इस मामले में दिल्ली पुलिस के पास दो अलग-अलग परिवारों ने शिकायत दर्ज कराई है।

चांदनी चौक हत्या केस से शुरू हुआ विवाद

विवाद की शुरुआत 7 मार्च को चांदनी चौक में स्क्रैप कारोबारी मोहम्मद अरीब की हत्या के बाद हुई। पीड़ित परिवार का आरोप है कि शोएब जामई (shoaib-Jamai) उनके घर पहुंचे, संवेदना व्यक्त की और एक वीडियो रिकॉर्ड किया। बाद में इस वीडियो को सोशल मीडिया पर एक क्यूआर कोड के साथ पोस्ट किया गया, जिसके जरिए चंदा जुटाया गया।

अन्य पढ़े: Hyderabad : केवल स्वस्थ युवाओं के माध्यम से ही ‘फिट इंडिया’ संभव – किशन रेड्डी

परिवार का दावा-7-8 लाख रुपये जुटाए गए

मृतक के भाई मोहम्मद अदीब के अनुसार, क्यूआर कोड ‘सादिया फातिमा’ नाम की एक अज्ञात महिला के नाम पर था, जिसका परिवार से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस माध्यम से करीब 7 से 8 लाख रुपये जुटाए गए, लेकिन परिवार को कोई आर्थिक मदद नहीं मिली। विरोध करने पर इसे तकनीकी गलती बताया गया।

दूसरा मामला भी आया सामने

इसी तरह का एक और मामला मानसरोवर पार्क इलाके से सामने आया है। शिकायतकर्ता सिराजुद्दीन अंसारी ने आरोप लगाया कि उनके नाबालिग बेटे की हत्या के बाद भी इसी तरह का चंदा अभियान चलाया गया। उन्होंने कहा कि उनके बेटे के नाम और वीडियो का इस्तेमाल कर पैसे जुटाए गए, लेकिन उन्हें कोई राशि नहीं दी गई।

राजनीतिक हलचल तेज, ओवैसी से जुड़ाव की चर्चा

इन आरोपों के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ गई है। शोएब जामई को असदुद्दीन ओवैसी का करीबी माना जाता है, जिससे यह मामला और चर्चाओं में आ गया है।

जामई ने आरोपों को बताया साजिश

वहीं, शोएब जामई ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए इसे राजनीतिक साजिश बताया है। उनका कहना है कि विपक्षी दलों और पार्टी के कुछ पूर्व सदस्य उनकी छवि खराब करने के लिए यह सब कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने अपने बैंक स्टेटमेंट और जरूरी दस्तावेज जांच एजेंसियों को सौंप दिए हैं।

पुलिस जांच में जुटी, सच्चाई का इंतजार

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। खास तौर पर क्यूआर कोड से जुड़े बैंक खातों और फंड ट्रांजैक्शन की पड़ताल की जा रही है, ताकि सच्चाई सामने आ सके।

Read More :

# Paper Hindi News #Breaking News in Hindi #BreakingNews #Chandani Chouk News #Google News in Hindi #Hindi News #Hindi News Paper #HindiNews #Latest news #LatestNews #Ovaisi News #Shoeb Jamai News #Social media news breakingnews latestnews trendingnews