పట్టాలు తప్పిన రైలు పట్టాలు తప్పిన చెన్నై ఎక్స్ ప్రెస్ రైలు నేటి నుంచి భారత్ ట్యాక్సీ సేవలు రికార్డు స్థాయికి చేరిన భారత్-చైనా ట్రేడ్ క్రీడా సంఘాల పాలనపై సుప్రీం కోర్టు కీలక వ్యాఖ్యలు ఉచిత పథకాలపై ఆర్థిక సర్వే హెచ్చరిక ముగిసిన అజిత్ పవార్ అంత్యక్రియలు ప్రపంచ దేశాలకు భారత్ షాక్ నేటి నుంచి పార్లమెంట్ బడ్జెట్ సమావేశాలు మహారాష్ట్ర డిప్యూటీ సీఎం అజిత్ పవార్ దుర్మరణం పట్టాలు తప్పిన రైలు పట్టాలు తప్పిన చెన్నై ఎక్స్ ప్రెస్ రైలు నేటి నుంచి భారత్ ట్యాక్సీ సేవలు రికార్డు స్థాయికి చేరిన భారత్-చైనా ట్రేడ్ క్రీడా సంఘాల పాలనపై సుప్రీం కోర్టు కీలక వ్యాఖ్యలు ఉచిత పథకాలపై ఆర్థిక సర్వే హెచ్చరిక ముగిసిన అజిత్ పవార్ అంత్యక్రియలు ప్రపంచ దేశాలకు భారత్ షాక్ నేటి నుంచి పార్లమెంట్ బడ్జెట్ సమావేశాలు మహారాష్ట్ర డిప్యూటీ సీఎం అజిత్ పవార్ దుర్మరణం

DRDO- डीआरडीओ बनाएगा ‘सुदर्शन चक्र’, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का ऐलान

Author Icon By Anuj Kumar
Updated: January 2, 2026 • 11:36 AM
వాట్సాప్‌లో ఫాలో అవండి

नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डीआरडीओ (DRDO) के 68वें स्थापना दिवस समारोह में देश की रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने में संगठन की भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान को दिए गए करारा जवाब—ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor)—में डीआरडीओ द्वारा विकसित स्वदेशी हथियार प्रणालियों ने निर्णायक भूमिका निभाई, जो राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति संगठन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

ऑपरेशन सिंदूर में डीआरडीओ हथियारों की अहम भूमिका

रक्षा मंत्री ने कहा कि इस सैन्य अभियान के दौरान डीआरडीओ के आधुनिक हथियारों और प्रणालियों ने भारत की रणनीतिक क्षमता को मजबूती दी और यह साबित किया कि स्वदेशी रक्षा तकनीक अब निर्णायक स्थिति में पहुंच चुकी है।

सुदर्शन चक्र के निर्माण को लेकर जताया भरोसा

राजनाथ सिंह ने स्वतंत्रता दिवस-2025 के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) द्वारा घोषित सुदर्शन चक्र पहल का उल्लेख करते हुए कहा कि डीआरडीओ जल्द ही इसके निर्माण की दिशा में ठोस प्रगति करेगा। रक्षा मंत्रालय के बयान के अनुसार, इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत अगले दस वर्षों में देश के महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को पूर्ण हवाई सुरक्षा देने का लक्ष्य रखा गया है।

हवाई रक्षा प्रणाली को मिलेगा नया आयाम

उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान आधुनिक युद्ध में वायु रक्षा प्रणाली की अहमियत स्पष्ट रूप से सामने आई। सुदर्शन चक्र परियोजना देश की एयर डिफेंस क्षमता को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी और सामरिक सुरक्षा को और मजबूत करेगी।

नवाचार और निजी क्षेत्र की भागीदारी पर जोर

रक्षा मंत्री ने डीआरडीओ से निरंतर नवाचार पर ध्यान केंद्रित करने और निजी क्षेत्र की भागीदारी बढ़ाने वाले नए क्षेत्रों की पहचान करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि तेजी से विकसित हो रहे तकनीकी इकोसिस्टम के साथ तालमेल बनाए रखना समय की जरूरत है।

अगली पीढ़ी की तकनीक पर जारी प्रयासों की सराहना

राजनाथ सिंह ने गहन प्रौद्योगिकी और अगली पीढ़ी की तकनीकों पर डीआरडीओ के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इससे न केवल देश की रक्षा क्षमताएं बढ़ेंगी, बल्कि समूचा रक्षा इकोसिस्टम भी सशक्त होगा।

डीआरडीओ नेतृत्व ने साझा किया 2026 का रोडमैप

डीआरडीओ सचिव और अध्यक्ष डॉ. समीर वी. कामत ने रक्षा मंत्री को वर्तमान अनुसंधान एवं विकास गतिविधियों, 2025 की प्रमुख उपलब्धियों और 2026 के रोडमैप की जानकारी दी। उन्होंने उद्योग, स्टार्टअप और शैक्षणिक संस्थानों को बढ़ावा देने वाली पहलों तथा संगठनात्मक सुधारों पर भी प्रकाश डाला।

अन्य पढ़े: गाजा में NGO बैन, सहायता रुकी तो ज़िंदगियाँ तबाह होंगी, फिलिस्तीनियों की चेतावनी

लगातार सीखने और खुद को चुनौती देने की जरूरत

अपने संबोधन में रक्षा मंत्री ने कहा कि आज का युग केवल विज्ञान का नहीं, बल्कि निरंतर विकास और सीखने का है। बदलती दुनिया में तकनीक, नवाचार और नए युद्ध क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ रहे हैं, इसलिए ज्ञान को कभी अंतिम नहीं मानना चाहिए। उन्होंने कहा कि निरंतर सीखने और स्वयं को चुनौती देने से ही नई पीढ़ी के लिए मजबूत मार्ग प्रशस्त किया जा सकता है

DRDO का मुख्यालय कहाँ है?

डीआरडीओ (DRDO) का मुख्यालय नई दिल्ली में स्थित है, जो भारत सरकार के रक्षा मंत्रालय के तहत एक प्रमुख रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन है, जिसका पता DRDO ‘डीआरडीओ भवन, नई दिल्ली’ है। 

Read More :

# Operation Sindoor news #Air India News #Breaking News in Hindi #Drdo news #Hindi News #Latest news #PM Narendra Modi news #Surdarshan Chakra News

గమనిక: ఈ వెబ్ సైట్ లో ప్రచురించబడిన వార్తలు పాఠకుల సమాచార ప్రయోజనాల కోసం ఉద్దేశించి మాత్రమే ఇస్తున్నాం. మావంతుగా యధార్థమైన సమాచారాన్ని ఇచ్చేందుకు కృషి చేస్తాము.