नई दिल्ली । भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में जाली मुद्रा (Forged Currency) के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। रक्सौल और मेजरगंज बॉर्डर पर भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने छापेमारी कर कुल 25 लाख नेपाली और 18,500 भारतीय जाली नोट जब्त किए। इस मामले में 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 4 नेपाली नागरिक भी शामिल हैं। इस खुलासे से सीमावर्ती क्षेत्रों में कानून व्यवस्था और चुनावी सुरक्षा पर भी सवाल उठ गए हैं।
सीमावर्ती छापेमारी में पकड़ा जाली नोट का कारोबार
रक्सौल पुलिस उपाधीक्षक (DSP) मनीष आनंद ने बताया कि हरैया पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि दो बाइक सवार जाली नोट लेकर रक्सौल में आ रहे हैं। उन्हें पकड़ने पर 18,500 भारतीय जाली नोट बरामद हुए। आरोपियों के निशानदेही पर सीतामढ़ी (Sitamarhi) के मेजरगंज में छापेमारी की गई, जहां से 25 लाख नेपाली जाली नोट, 12 मोबाइल फोन, नोट छापने के रसायन और इस्तेमाल होने वाला कागज जब्त किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान और आपराधिक पृष्ठभूमि
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में शामिल हैं:
- नेपाल के बागमती प्रदेश निवासी 30 वर्षीय तिलक बहादुर थिंग
- नेपाल, बारा जिले के 31 वर्षीय सरोज कुमार और साजन कुमार
- नेपाल, सिरहा जिले के श्रीदेव महतो
- बिहार के मधुबनी जिला, जयनगर थाना निवासी दिलीप कुमार सिंह
- सीतामढ़ी, मेजरगंज थाना निवासी रौशन कुमार, राकेश सिंह, साहेब कुमार, विकास कुमार पटेल और मो. असलम
सुरक्षा एजेंसियों ने बताया कि अधिकांश आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड गंभीर है। राकेश सिंह हाल ही में 16 साल की जेल की सजा पूरी करके बाहर आए हैं, और उन पर STF पर गोली चलाने जैसे गंभीर मामले दर्ज हैं। वहीं, मो. असलम के खिलाफ पहले से आर्म्स एक्ट और जाली नोट से जुड़े मामले दर्ज हैं।
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जाली नोट का ट्रांजिट रूट और चुनावी आशंका
जांच में आरोपियों ने बताया कि यह नेटवर्क लंबे समय से सक्रिय था और सीतामढ़ी-मेजरगंज बॉर्डर जाली नोट ट्रांजिट के लिए प्रयोग हो रहा था। गिरोह एक हजार के असली नोट के बदले तीन हजार जाली नोट देता था। सीमावर्ती क्षेत्रों में छोटे डिलीवरी पॉइंट बनाए गए थे, जिनके जरिए नोट नेपाल और भारत में आसानी से भेजे जा सकते थे। सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि नेपाल में 5 मार्च को होने वाले चुनाव में इस जाली मुद्रा का व्यापक उपयोग करने की योजना थी। यह पहला मौका था जब गिरोह ने रक्सौल बॉर्डर को ट्रायल के तौर पर इस्तेमाल किया और पकड़ा गया।
सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई जारी
पुलिस और सीमा सुरक्षा बल (SSB) ने मौके से तीन बाइक और एक कार भी जब्त की है। STF और स्थानीय पुलिस अब अन्य संभावित सप्लायर और डिलीवरी पॉइंट की पहचान कर जांच को और तेज कर रहे हैं। इस बड़े खुलासे के बाद सीमांचल क्षेत्र में कानून व्यवस्था और सीमा सुरक्षा के उपाय बढ़ा दिए गए हैं।
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