Loot : लूटकांड का मास्टर माइंड गिरफ्तार

Read Time:  1 min
Loot
Loot
FONT SIZE
GET APP

1.5 करोड़ के लूट मामले में आठ आरोपी पकड़े गए

बड़ी मात्रा में सामान बरामद

बोकारो। बोकारो(Bokaro) में आस्था ज्वेलर्स में 23 जून को हुई लूट मामले में पुलिस(police) ने घटना के मास्टर माइंड रोनित राय को गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही पुलिस ने लूट में शामिल नवीन कुमार को भी पकड़ा है। यह जानकारी बुधवार को एसपी हरविंदर सिंह ने दी

23 सोने की अंगूठी, 6 गले के हार बरामद

SIT टीम ने 29 जुलाई को वैशाली और सीतामढ़ी जिले से रोनित राय और नवीन कुमार को गिरफ्तार किया है। इनकी निशानदेही पर नवीन कुमार के किराये के मकान से लूट के 23 सोने की अंगूठी, 6 गले के हार, 1 ब्रासलेट और 13,820 नगद रुपए बरामद किए गए। साथ ही एक सफेद डिजायर कार, एक चोरी की मोटरसाइकिल और चार मोबाइल फोन भी जब्त किए गए।

मामले में आगे की जांच जारी है: एसपी

एसपी के अनुसार, यह गिरोह अंतरराज्यीय अपराधियों का समूह है। यह कई जिलों में सक्रिय था। मामले में आगे की जांच जारी है और अन्य फरार अभियुक्तों की तलाश की जा रही है। पुलिस ने इस सफलता को टीमवर्क और तकनीकी जांच का नतीजा बताया है।

चास थाना क्षेत्र के बाईपास रोड स्थित आस्था ज्वेलर्स में लूट मामले में पुलिस अब तक कुल 8 आरोपी को गिरफ्तार कर चुकी है। 23 जून की शाम लगभग 6 बजे चार अज्ञात अपराधियों ने हथियार दिखाकर दुकान से करीब 1.5 करोड़ रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात लूट लिए थे। लुटेरे दो मोटरसाइकिलों पर सवार होकर फरार हो गए थे।

सभी आरोपी बिहार के हैं रहने वाले

इस घटना के बाद पुलिस ने विशेष अनुसंधान टीम (SIT) का गठन किया। प्राथमिक अनुसंधान में पुलिस ने बिहार के अलग-अलग जिलों से छह अभियुक्तों को गिरफ्तार किया था। इनमें रौशन सिंह (पश्चिम चम्पारण), राहुल पटेल उर्फ डायमंड (पटना), नीतेश कुमार (वैशाली), प्रिंस कुमार सुमन (बेतिया), आदित्य राज (पूर्वी चम्पारण) और मुसाफिर हवारी (बेतिया) शामिल हैं।

लूट क्या होती है?
लूट का अर्थ है बलपूर्वक या हिंसा से किसी की संपत्ति, सामान या धन छीनना। यह आमतौर पर डकैती, युद्ध या दंगों के दौरान होता है।

लूट और चोरी में क्या अंतर है?
चोरी में सामान चुपचाप या गुप्त रूप से चुराया जाता है, जबकि लूट में मालिक की उपस्थिति में बल या हिंसा का प्रयोग करके सामान छीना जाता है। लूट में अक्सर अधिक गंभीर दंड होता है।

उसके के क्या परिणाम हो सकते हैं?
लूट करने पर कड़ी कानूनी सजा हो सकती है, जिसमें लंबी जेल की अवधि और भारी जुर्माना शामिल है। इससे समाज में अराजकता और असुरक्षा भी फैलती है।

अन्य पढें: Maharashtra : बाल खाने की आदत बनी जानलेवा मुसीबत

Dhanarekha

लेखक परिचय

Dhanarekha

सूचना : इस वेबसाइट पर प्रकाशित खबरें केवल पाठकों की जानकारी के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम अपनी ओर से यथासंभव सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करते हैं।