हैदराबाद। वरिष्ठ कांग्रेस नेता जग्गा रेड्डी (Jagga Reddy) ने राष्ट्रीय राजमार्ग विस्तार कार्यों से प्रभावित लोगों के लिए महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने कहा कि पहले हटाए गए भू लक्ष्मी मंदिर को भविष्य में सड़क किनारे उसके मूल स्थान पर पुनः स्थापित किया जाएगा। जग्गा रेड्डी ने बताया कि हाईवे चौड़ीकरण के दौरान जिन लोगों ने अपने फल दुकानों, ठेलों और दुकानों के लिए स्थान खो दिया है, उन्हें कार्य पूरा होने के बाद पुनः दुकानें लगाने की व्यवस्था की जाएगी।
उन्होंने प्रभावित लोगों से अपील की कि वे इस सूचना पर ध्यान दें और अपने व्यवसाय (Business) से संबंधित विवरण जल्द से जल्द उपलब्ध कराएं। इसके लिए उन्होंने कहा कि प्रभावित लोग टीपीसीसी जनरल सेक्रेटरी तोपाजी अनंत किशन, संगारेड्डी नगर पालिका अध्यक्ष कूना संतोष, उपाध्यक्ष शफी हफीज और पार्टी के नगर अध्यक्ष जॉर्ज से संपर्क कर अपने ठेलों और दुकानों का विवरण जमा करें। जग्गा रेड्डी ने भरोसा दिलाया कि सभी प्रभावितों के पुनर्वास के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
तेलंगाना में हिंदुओं की आबादी कितनी है?
राज्य में हिंदू समुदाय बहुसंख्यक है। 2011 की जनगणना के अनुसार लगभग 85% लोग हिंदू धर्म का पालन करते हैं। कुल जनसंख्या में यह संख्या करीब 2.9 से 3 करोड़ के आसपास बैठती है। शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में हिंदू आबादी फैली हुई है। समय के साथ जनसंख्या में वृद्धि हुई है, इसलिए वर्तमान अनुमान इससे अधिक माना जाता है, लेकिन आधिकारिक नवीनतम आंकड़े अभी उपलब्ध नहीं हैं।
तेलंगाना राज्य का मुख्य भोजन क्या है?
यहां का खानपान मुख्य रूप से चावल आधारित है। चावल के साथ दाल, सांभर, रसम और सब्जियां आमतौर पर खाई जाती हैं। मसालेदार और तीखा स्वाद इस क्षेत्र की विशेषता है। हैदराबादी बिरयानी, सरवा पिंडी, पेसरट्टू और साकिनालू जैसे व्यंजन प्रसिद्ध हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में ज्वार और बाजरे की रोटियां भी खाई जाती हैं। स्थानीय व्यंजनों में परंपरा और स्वाद का अच्छा मेल देखने को मिलता है।
तेलंगाना में सरकार किसकी है?
वर्तमान समय में राज्य में कांग्रेस पार्टी की सरकार है। ए. रेवंत रेड्डी मुख्यमंत्री के रूप में कार्य कर रहे हैं। उन्होंने 2023 के विधानसभा चुनावों में जीत के बाद पदभार संभाला। इससे पहले लंबे समय तक भारत राष्ट्र समिति की सरकार रही थी। नई सरकार ने विभिन्न सामाजिक और विकास योजनाओं पर काम शुरू किया है, जिनमें रोजगार, किसान कल्याण और महिलाओं के लिए योजनाएं शामिल हैं।
तेलंगाना में कितने जिले हैं?
राज्य में कुल 33 जिले हैं। पहले जिलों की संख्या कम थी, लेकिन प्रशासनिक सुविधा और विकास कार्यों को बेहतर बनाने के लिए सरकार ने नए जिले बनाए। 2016 में बड़े स्तर पर पुनर्गठन किया गया, जिसके बाद जिलों की संख्या बढ़कर 31 हुई थी। बाद में दो और जिले जोड़े गए। यह विभाजन शासन को अधिक प्रभावी बनाने और स्थानीय स्तर पर सुविधाएं पहुंचाने के उद्देश्य से किया गया है।
Read Telugu News: https://vaartha.com/
यह भी पढ़ें :