Goa लैराई देवी मंदिर में भगदड़ से मचा कोहराम
Goa के प्रसिद्ध लैराई देवी मंदिर में मंगलवार को बड़ा हादसा हो गया। भगदड़ के कारण 6 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 15 से अधिक लोग घायल हो गए। इस हादसे ने पूरे राज्य को सदमे में डाल दिया है।
गोवा कैसे हुई भगदड़?
प्रशासन के अनुसार:
- भारी भीड़ और अव्यवस्था के कारण गोवा के लैराई देवी मंदिर में भगदड़ मची।
- मंदिर के अंदर और बाहर करीब 25,000 श्रद्धालु मौजूद थे।
- अचानक से किसी अफवाह के चलते भगदड़ शुरू हो गई।
- लोग एक-दूसरे को धक्का देते हुए बाहर निकलने लगे।

गोवा प्रशासन की बड़ी लापरवाही?
मंदिर प्रबंधन पर उठे सवाल:
- सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे।
- भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल कम था।
- गोवा प्रशासन ने घटना के बाद जांच के आदेश दिए।
Goa चश्मदीदों ने क्या बताया?
घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने कहा:
- “हमें सांस लेने तक की जगह नहीं मिल रही थी।”
- “एक बच्चा मेरी आंखों के सामने गिरा और उसे लोग रौंदते चले गए।”
- “कोई मदद करने वाला नहीं था।”
गोवा घायलों का इलाज जारी
अस्पताल सूत्रों के मुताबिक:
- 15 से ज्यादा घायलों को पास के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
- 3 की हालत गंभीर बताई जा रही है।
- Goa के मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवार को मुआवजा देने का ऐलान किया।
Goa इससे पहले भी हो चुके हैं ऐसे हादसे
भारत में मंदिरों में भगदड़ कोई नई घटना नहीं:
- 2013 में गोवा के एक अन्य मंदिर में भी ऐसा हादसा हुआ था।
- 2008 में राजस्थान के चामुंडा देवी मंदिर में 224 लोगों की मौत।
- ऐसे हादसे भीड़ प्रबंधन की कमी को उजागर करते हैं।

गोवा आगे क्या कदम उठाए जाएंगे?
प्रशासन ने कहा:
- मंदिर में CCTV और इमरजेंसी एग्जिट के इंतजाम किए जाएंगे।
- भीड़ नियंत्रित करने के लिए नई गाइडलाइंस बनाई जाएंगी।
- Goa के सभी बड़े धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा होगी।
मुख्य बिंदु:
- गोवा के लैराई देवी मंदिर में भगदड़।
- 6 लोगों की मौत, 15 से ज्यादा घायल।
- प्रशासन ने जांच के आदेश दिए।
- चश्मदीदों ने सुनाई दर्दनाक दास्तां।
- सरकार ने मुआवजे का ऐलान किया।
Goa के इस हादसे ने एक बार फिर भीड़ प्रबंधन की गंभीरता को सामने लाया है। सरकार को चाहिए कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए।