बैंकिंग और ऑटो सेक्टर में भारी बिकवाली
नई दिल्ली: शुक्रवार, 23 जनवरी 2026 को भारतीय शेयर बाजार(Sensex) भारी दबाव में रहा। शुरुआती सुस्ती के बाद बाजार में तेज गिरावट(Sharp Decline) आई, जिससे निवेशकों को बड़ा नुकसान हुआ। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही अपने महत्वपूर्ण स्तरों से नीचे फिसल गए, जिसका मुख्य कारण बैंकिंग और ऑटो इंडेक्स में रही जोरदार बिकवाली थी।
प्रमुख सूचकांकों का हाल: निफ्टी 25,000 के करीब
सेंसेक्स(Sensex) आज 770 अंकों की भारी गिरावट के साथ 81,538 के स्तर पर बंद हुआ। इसी तरह, निफ्टी भी 241 अंक लुढ़ककर 25,048 पर आ गया। सेंसेक्स के 30 शेयरों में से 24 लाल निशान में रहे। विशेष रूप से बैंकिंग, ऑटो, मीडिया और मेटल शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट देखी गई। जानकारों का कहना है कि निफ्टी के लिए 25,000 का स्तर एक मनोवैज्ञानिक और तकनीकी सपोर्ट है, जिसका टूटना बाजार के लिए चिंताजनक संकेत हो सकता है।
बजट पूर्व की घबराहट और निवेशकों का रुख
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, 1 फरवरी को पेश होने वाले केंद्रीय बजट से पहले बाजार में अस्थिरता (Volatility) बनी रहने की संभावना है। विदेशी संस्थागत(Sensex) निवेशकों (FIIs) की ओर से लगातार हो रही बिकवाली ने भी सेंटीमेंट खराब किया है। 21 जनवरी को FIIs ने ₹2,549 करोड़ के शेयर बेचे। हालांकि, घरेलू संस्थागत निवेशक (DIIs) खरीदारी कर बाजार को सहारा देने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वैश्विक अनिश्चितता और बजट को लेकर संशय बिकवाली पर भारी पड़ रहा है।
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वैश्विक संकेत बनाम घरेलू गिरावट
दिलचस्प बात यह है कि भारतीय बाजार(Sensex) में यह गिरावट तब आई जब वैश्विक बाजारों में तेजी का रुख था। जापान का निक्केई और कोरिया का कोस्पी बढ़त के साथ बंद हुए, वहीं पिछले कारोबारी सत्र में अमेरिकी बाजार (डाउ जोन्स और नैस्डेक) भी रिकॉर्ड ऊंचाई पर रहे थे। यह विरोधाभास दर्शाता है कि भारतीय बाजार फिलहाल अपनी आंतरिक चुनौतियों और आने वाले बड़े आर्थिक फैसलों (बजट) की वजह से दबाव महसूस कर रहा है।
शेयर बाजार में आज आई इस बड़ी गिरावट के पीछे मुख्य कारण क्या माने जा रहे हैं?
गिरावट के दो मुख्य कारण हैं: पहला, 1 फरवरी को आने वाले केंद्रीय बजट से पहले की अनिश्चितता जिससे निवेशक मुनाफावसूली कर रहे हैं, और दूसरा, बैंकिंग व ऑटो जैसे हैवीवेट सेक्टरों में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) द्वारा की गई भारी बिकवाली।
निफ्टी के लिए आने वाले दिनों में कौन सा स्तर ‘मेक और ब्रेक’ साबित हो सकता है?
तकनीकी विशेषज्ञों के मुताबिक, 25,000 का स्तर निफ्टी के लिए एक मजबूत सपोर्ट है। अगर बाजार(Sensex) इस स्तर के नीचे बंद होता है, तो गिरावट और गहरी हो सकती है। निवेशकों को फिलहाल संभलकर रहने और केवल लार्ज-कैप शेयरों पर ध्यान देने की सलाह दी गई है।
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