चांदी की चमक पड़ी फीकी
नई दिल्ली: आज यानी 21 मई को भारतीय सराफा बाजार में सोने(Gold) की कीमतों में एक बार फिर बढ़त दर्ज की गई है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के अनुसार, 24 कैरेट सोने की कीमत 392 रुपए बढ़कर 1.59 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई है। गौरतलब है कि इस साल सोने की कीमतों में जबरदस्त तेजी देखी जा रही है और साल 2026 में अब तक सोना कुल 26 हजार रुपए महंगा हो चुका है।
चांदी की कीमतों में गिरावट
सोने के विपरीत, चांदी के बाजार में आज नरमी(Softness) देखी गई। चांदी की कीमत में 1,494 रुपए की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे अब यह 2.66 लाख रुपए प्रति किलोग्राम के स्तर पर आ गई है। हालांकि, इस साल के समग्र प्रदर्शन को देखें तो चांदी ने निवेशकों को हैरान किया है। दिसंबर 2025 के मुकाबले चांदी अब भी 37 हजार रुपए महंगी बिक रही है और इस साल इसने 3.86 लाख रुपए का अपना ऑलटाइम हाई भी छुआ था।
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खरीदारों के लिए जरूरी सावधानी
सोने-चांदी की बढ़ती कीमतों के बीच विशेषज्ञों ने ग्राहकों को खरीदारी करते समय सतर्क रहने की सलाह दी है। ज्वैलर्स से सोना खरीदते समय हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) का हॉलमार्क जरूर चेक करें, जो शुद्धता की गारंटी देता है। इसके अलावा, खरीदारी के दिन की सटीक कीमत को ‘इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन’ की वेबसाइट जैसे विश्वसनीय स्रोतों से क्रॉस-चेक करना चाहिए ताकि सही वजन और दाम सुनिश्चित हो सके।
साल 2026 में अब तक सोने और चांदी की कीमतों में कुल कितनी बढ़ोतरी दर्ज की गई है?
इस साल अब तक सोने की कीमत में 26,000 रुपए की बढ़ोतरी हुई है, जबकि चांदी की कीमत में 37,000 रुपए का उछाल आया है। 31 दिसंबर 2025 को सोना 1.33 लाख रुपए पर था, जो अब 1.59 लाख रुपए पर पहुंच गया है।
ज्वेलरी खरीदते समय हॉलमार्किंग क्यों जरूरी है और इसे कैसे पहचाना जा सकता है?
हॉलमार्किंग यह प्रमाणित करती है कि सोना कितने कैरेट का है और उसकी शुद्धता क्या है। इसकी पहचान एक अल्फान्यूमेरिक कोड (जैसे- AZ4524) से होती है जो ज्वेलरी पर अंकित रहता है। हमेशा BIS हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदना सुरक्षित रहता है।
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