वाशिंगटन। वेनेजुएला से बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Presidnet Donald trump) ने ऐलान किया है कि वह एक और युद्ध शुरू कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि वह एक एग्जीक्यूटिव ऑर्डर पर साइन करने जा रहे हैं, जिसके तहत फेंटेनाइल और उसके कच्चे रसायनों को ‘वेपन ऑफ मास डिस्ट्रक्शन (WMD)’ घोषित किया जाएगा।
डब्ल्यूएमडी टैग और इराक का इतिहास
डब्ल्यूएमडी शब्द का इस्तेमाल पहले इराक पर हमले से पहले भी किया गया था, जब कहा गया था कि सद्दाम हुसैन के पास सामूहिक विनाश का हथियार है। ट्रंप प्रशासन का यह कदम ड्रग तस्करों और कार्टेल के खिलाफ सख्त नीति का नया संकेत माना जा रहा है।
अमेरिका पर फेंटेनाइल खतरा
व्हाइट हाउस (White House) में ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के दुश्मन जानबूझकर फेंटेनाइल भेज रहे हैं ताकि अमेरिकी नागरिकों को नुकसान पहुंचाया जा सके। उन्होंने इसे रोकने के लिए ऐतिहासिक कदम उठाने का ऐलान किया।
ड्रग कार्टेल्स पर नया हमला
ट्रंप प्रशासन पहले ही ड्रग तस्करों को ‘नार्को-आतंकवादी’ कह चुका है और कई लैटिन अमेरिकी कार्टेल्स को विदेशी आतंकी संगठन घोषित कर चुका है। नया आदेश संघीय एजेंसियों को निर्देश देगा कि वे अवैध फेंटेनाइल और उसके प्रीकर्सर केमिकल्स को खत्म करने के लिए समन्वित कार्रवाई करें।
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कानूनी और व्यावहारिक असर पर सवाल
हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि डब्ल्यूएमडी टैग का कानूनी या व्यावहारिक असर क्या होगा, खासकर मेडिकल इस्तेमाल में वैध फेंटेनाइल पर। अमेरिकी कानून के मुताबिक, डब्ल्यूएमडी वह हथियार होता है जो जहरीले रसायनों, जैविक एजेंट्स या रेडिएशन से बड़े पैमाने पर मौत या गंभीर नुकसान पहुंचा सके।
ट्रंप की पूर्व कार्रवाई और आलोचना
फेंटेनाइल को लेकर ट्रंप प्रशासन पहले ही मैक्सिको और चीन पर टैरिफ बढ़ा चुका है। इसके अलावा कैरिबियन और पैसिफिक में ड्रग तस्करी के शक में नावों पर सैन्य कार्रवाई हुई, जिस पर मानवाधिकार संगठनों ने सवाल उठाए। आलोचकों ने ट्रंप के इस अभियान की तुलना 2003 के इराक युद्ध से की है, जब झूठे डब्ल्यूएमडी दावों के आधार पर हमला किया गया था।
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