‘येलो लाइन’ बनी नई सीमा
यरुशलम: इजराइली सेना प्रमुख ऐयाल जमीर ने घोषणा की है कि गाजा(Gaza) की 50% से ज्यादा जमीन पर इजराइल का नियंत्रण है और ‘येलो लाइन’ अब इजराइल की नई ‘सुरक्षा सीमा’ के रूप में काम करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सेना इन मौजूदा सैन्य पोजिशन्स(Millitary Positions) को नहीं छोड़ेगी। इस कब्ज़े वाले क्षेत्र में गाजा(Gaza) की अधिकतर खेती योग्य जमीन और मिस्र से लगने वाला महत्वपूर्ण राफा बॉर्डर क्रॉसिंग भी शामिल है। जमीर के इस बयान को ट्रम्प के सीजफायर समझौते के विपरीत माना जा रहा है, क्योंकि समझौते में इजराइल को गाजा पर कब्जा न करने या सीमा न बढ़ाने के लिए कहा गया था।
अमेरिकी सीजफायर प्लान: ‘ग्रीन जोन’ और ‘रेड जोन’
ट्रम्प के सीजफायर प्लान के तहत गाजा पट्टी(Gaza Patti) को दो मुख्य हिस्सों में बाँटने की लंबी अवधि की योजना है:
ग्रीन जोन: यह गाजा के पूर्वी हिस्से में बनाया जाएगा। इस क्षेत्र पर इंटरनेशनल सिक्योरिटी फोर्स (ISF) और इजराइली सेना का नियंत्रण होगा। यहाँ पर री-डेवलपमेंट (पुनर्विकास) का काम किया जाएगा।
रेड जोन: यह येलो लाइन के पश्चिम का हिस्सा होगा जहाँ फिलिस्तीनी आबादी विस्थापित हुई है। इसे फिलहाल खंडहर अवस्था में ही रहने दिया जाएगा और यहाँ कोई पुनर्विकास नहीं होगा। लगभग 20 लाख लोग इसी रेड जोन में फँसे हुए हैं।
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इंटरनेशनल सिक्योरिटी फोर्स (ISF) के गठन में चुनौतियाँ
संयुक्त राष्ट्र के एक प्रस्ताव ने गाजा में युद्धविराम लागू करने और नागरिकों की सुरक्षा के लिए इंटरनेशनल सिक्योरिटी फोर्स (ISF) की तैनाती को मंज़ूरी दी है।
उद्देश्य: ISF को शुरुआत में ग्रीन जोन में तैनात किया जाएगा, जिसकी संख्या बाद में 20,000 सैनिकों तक बढ़ाई जा सकती है।
दिक्कतें: ट्रम्प प्रशासन के दबाव के बावजूद, सुरक्षा और राजनीतिक जोखिमों के कारण अभी तक किसी भी देश ने इस फोर्स में अपने सैनिक भेजने पर सहमति नहीं दी है। कोई भी देश हमास से लड़ने का जोखिम नहीं उठाना चाहता।
‘येलो लाइन’ और इजराइल की नई सुरक्षा सीमा का क्या महत्व है?
‘येलो लाइन’ वह काल्पनिक सीमा है जो ट्रम्प के सीजफायर प्लान के तहत गाजा(Gaza) पट्टी के ‘ग्रीन जोन’ (इजराइली/अंतर्राष्ट्रीय नियंत्रण) और ‘रेड जोन’ (फिलिस्तीनी आबादी) को अलग करती है। इजराइली सेना प्रमुख ऐयाल जमीर के अनुसार, इजराइल अब इस लाइन को अपनी स्थायी ‘सुरक्षा सीमा’ मानता है और इसे पार करने वाले किसी भी व्यक्ति को ‘खतरनाक सीमा’ के नियमों के तहत गोली मारी जा सकती है। यह इज़राइली कदम ट्रम्प समझौते के विपरीत है जिसमें इज़राइल को अंततः गाजा से पीछे हटने को कहा गया था।
ट्रम्प ने किस शहर में गाजा शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए थे और इसकी मुख्य बातें क्या थीं?
ट्रम्प ने 13 अक्टूबर को मिस्र के शहर शर्म अल शेख में गाजा शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। इस 20-सूत्रीय प्लान में गाजा(Gaza) में तुरंत युद्ध रोकने, सभी बंधकों को छोड़ने और गाजा में प्रशासन चलाने के लिए एक अस्थायी बोर्ड बनाने का प्रस्ताव था। ट्रम्प ने खुद इस बोर्ड की अध्यक्षता करने और इसमें पूर्व ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर को शामिल करने की बात कही थी।
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