PLA Officers पर जिनपिंग का बड़ा एक्शन, मचा उथल-पुथल चीन की सेना में क्या हो रहा है?
चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) एक बार फिर चर्चा में है। खबरें आ रही हैं कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने एक के बाद एक कई PLA Officers को हटा दिया है या वे रहस्यमय तरीके से लापता हो गए हैं। यह घटनाक्रम चीन की सेना में बड़े अंदरूनी संकट की ओर इशारा करता है।
किन PLA Officers पर गिरी गाज?
शीर्ष अधिकारियों की लिस्ट से गायब नाम
- रॉकेट फोर्स के पूर्व कमांडर
- एयरफोर्स के सीनियर जनरल
- डिफेंस टेक्नोलॉजी से जुड़े कई वैज्ञानिक
इन अफसरों को या तो पद से हटा दिया गया है या महीनों से सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं। यह पहली बार नहीं है जब PLA Officers अचानक गायब हुए हैं, लेकिन इस बार संख्या और स्तर दोनों ही अधिक हैं।

जिनपिंग का उद्देश्य क्या है?
1. करप्शन पर सख्ती
- PLA के भीतर भ्रष्टाचार को रोकने के लिए कार्रवाई
- हथियार सौदों और डील्स में पारदर्शिता लाने का प्रयास
- जिनपिंग की ‘क्लीन आर्मी’ की नीति का हिस्सा
2. वफादारी की जांच
- जिन अफसरों की वफादारी पर संदेह है, उन्हें हटाया जा रहा है
- पार्टी से पहले सेना को कंट्रोल में लाने की कोशिश
सेना में मची हलचल: अंदरूनी असंतोष बढ़ा
PLA Officers पर हुई अचानक कार्रवाई से सेना के भीतर बेचैनी फैल गई है। सूत्रों की मानें तो कई अन्य अफसर भी डरे हुए हैं और अनौपचारिक रूप से इस्तीफे दे रहे हैं। कुछ एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह चीन के रक्षा तंत्र की कमजोरी को उजागर करता है।

विदेशी नजरों में क्या असर पड़ा?
- अमेरिका और ताइवान के सुरक्षा विश्लेषकों ने इस घटनाक्रम को गंभीर माना है
- चीन की आंतरिक सैन्य स्थिरता पर सवाल उठे हैं
- PLA की रणनीतिक क्षमताओं पर पड़ सकता है असर
जिनपिंग के फैसले से सेना में डर और नियंत्रण
PLA Officers को लेकर जिनपिंग की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि वह किसी भी प्रकार की असहमति को बर्दाश्त नहीं कर रहे। सेना को भ्रष्टाचार-मुक्त और पार्टी के नियंत्रण में रखना उनका मुख्य एजेंडा बन चुका है। लेकिन सवाल यह है कि क्या इस सख्ती से सेना और मजबूत होगी या अंदर से टूटेगी?