चेन्नई । दिग्गज स्पिनर आर अश्विन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की प्रशंसा करते हुए कहा है कि उसने टी20 विश्वकप के लिए अच्छी पिचें बनायी हैं। अश्विन के अनुसार इससे मुकाबले रोमांचक हो रहे हैं क्योंकि पिच से बल्लेबाजों के साथ ही गेंदबाजों को भी सहायता मिल रही है।
बड़े स्कोर की उम्मीदें हुईं गलत
उन्होंने कहा कि टूर्नामेंट की शुरुआत में हर कोई सोच रहा था कि विश्वकप (World Cup) में बड़े स्कोर बनेंगे, लेकिन अभी तक हुए मैचों में यह बात गलत साबित हुई है। यह खुशी की बात है कि आईसीसी ने ऐसी पिचें तैयार की हैं जहां बल्लेबाजों और गेंदबाजों के बीच कड़ी टक्कर हो रही है। इससे खेल का स्तर बढ़ा है।
सपाट पिचों की सोच से उलट रहा अनुभव
अश्विन ने कहा कि टेस्ट खेलने वाले देश आईपीएल (IPL) और द्विपक्षीय सीरीज की तरह ही ऐसी पिचों की उम्मीद करते हैं, जिस पर आसानी से रन आएं। इस बार ऐसी टीमों को हैरानी हुई है। वानखेड़े स्टेडियम को ही लें—भारतीय टीम को वहां सपाट पिच की उम्मीद थी, लेकिन जो पिच मिली वह काफी अलग रही। इससे टीम के लिए रन बनाना आसान नहीं रहा।
पिचों ने टीमों को किया हैरान
अश्विन का मानना है कि पिच की इस प्रकृति ने टीमों को हैरान कर दिया है। उन्हें वह गति और उछाल नहीं मिल रहा है जिसकी उन्होंने भविष्यवाणी की थी। इसकी वजह से खेल और भी चुनौतीपूर्ण हो गया है।
बल्ले-गेंद के संतुलन से बढ़ा रोमांच
उन्होंने कहा कि जब मैच में बल्ले और गेंद के बीच सही संतुलन होता है, तो टी20 क्रिकेट का मजा और बढ़ जाता है। 140, 150 या 160 के आसपास के स्कोर वाले मैचों में रोमांच अधिक होता है क्योंकि ऐसे हालातों में छोटी टीमों के पास भी बड़ी टीमों को हराने का अवसर होता है।
गेंदबाजों के लिए भी बना मौका
अश्विन ने कहा कि अगर हर मैच में केवल बड़े स्कोर ही बनेंगे, तो गेंदबाजों के लिए कुछ नहीं रहेगा और मुकाबले एकतरफा हो जाएंगे। इसलिए इस बार की पिचों को वह अच्छा मानते हैं। इन पिचों पर बल्लेबाज और गेंदबाज—दोनों के पास समान अवसर हैं। ऐसे में वही टीम बेहतर करेगी जो पिच को सही ढंग से समझ सकेगी।
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आर अश्विन कौन हैं?
रविचंद्रन अश्विन (जन्म 17 सितंबर, 1986, मद्रास [अब चेन्नई], तमिलनाडु, भारत) एक भारतीय क्रिकेटर हैं जिन्हें देश के सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडरों में से एक माना जाता है। दाएं हाथ के ऑफ-स्पिन गेंदबाज और दाएं हाथ के बल्लेबाज, उन्होंने 750 से अधिक अंतरराष्ट्रीय विकेट लिए हैं और छह टेस्ट शतक बनाए हैं।
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