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News Hindi : क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता में नाटक मंडलियों का मनमोहक प्रदर्शन

Ajay Kumar Shukla
Ajay Kumar Shukla
News Hindi : क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता में नाटक मंडलियों का मनमोहक प्रदर्शन

हैदराबाद । दक्षिण मध्य रेलवे (SCR) के प्रधान कार्यालय में क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में सिकंदराबाद मंडल, हैदराबाद मंडल, विजयवाडा मंडल, गुंतकल मंडल की नाटक मंडलियों (Drama Troupes) ने नाटकों का मंचन किया।

मुख्य अतिथि के रूप में दमरे महाप्रबंधक ने लिया भाग

मुख्य राजभाषा अधिकारी एवं प्रधान मुख्य सामग्री प्रबंधक राजेश पी.खाडे की अध्यक्षता में आयोजित इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में महाप्रबंधक संजय कुमार श्रीवास्तव , विशिष्ट अतिथि के रूप में अपर महाप्रबंधक सत्यप्रकाश उपस्थित थे। महाप्रबंधक ने क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता के सफलतापूर्वक आयोजन करने पर राजभाषा संगठन को बधाई दी। उन्होंने नाटक प्रतियोगिता में भाग लेनेवाले सभी कर्मचारियों की प्रशंसा की और कहा कि ‘ग’ क्षेत्र में होने के बावजूद इस रेलवे के कर्मचारियों ने बड़े उत्साह से इस प्रतियोगिता में भाग लिया और अपने-अपने नाटकों का मंचन किया। इसके लिए उन्होंने सभी कलाकारों को बधाई दी।

आमंत्रित निर्णायकों चंद्रकांत खानापुरकर तथा सुहास भटनागर ने कई सुझाव दिए

इस कार्यक्रम के आरंभ में मुख्य राजभाषा अधिकारी ने अपने संबोधन में बताया कि राजभाषा के प्रचार-प्रसार के लिए राजभाषा विभाग द्वारा समय-समय पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। इसी श्रृंखला में क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है। उन्होंने बताया कि इस नाटक प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त नाटक अखिल रेल स्तर पर आयोजित होनेवाली नाटक प्रतियोगिता में इस रेलवे का प्रतिनिधित्व करेगा। इस प्रतियोगिता के लिए आमंत्रित निर्णायकों चंद्रकांत खानापुरकर तथा सुहास भटनागर ने इस प्रतियोगिता में नाटकों के मंचन तथा कलाकारों के प्रदर्शन पर अपनी-अपनी टिप्पणी दी। अखिल रेल स्तर पर नाटकों के उत्तम प्रदर्शन के लिए उन्होंने सुझाव दिए

प्रतियोगिता में प्रथम स्थान विजयवाडा मंडल द्वारा मंचित नाटक ‘अखंड पर्व’ को

क्षेत्रीय हिंदी नाटक प्रतियोगिता में प्रथम स्थान विजयवाडा मंडल द्वारा मंचित नाटक ‘अखंड पर्व’ को , द्वितीय स्थान हैदराबाद मंडल द्वारा मंचित नाटक ‘जीवन’ को तथा तृतीय स्थान सिकंदराबाद मंडल द्वारा मंचित नाटक ‘भक्ति से बडी कोई शक्ति नहीं’ और गुंतकल मंडल द्वारा मंचित नाटक ‘हिंदी हैं हम’ को संयुक्त रूप से प्राप्त हुआ। रेलवे बोर्ड द्वारा निर्धारित विभिन्न वर्ग, जैसे कि सर्वश्रेष्ठ अभिनेता/अभिनेत्री, सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता/अभिनेत्री, सर्वश्रेष्ठ निर्देशन, सर्वश्रेष्ठ स्क्रिप्ट, सर्वश्रेष्ठ संगीतकार, सर्वश्रेष्ठ रूप-सज्जा, सर्वश्रेष्ठ मंच-सज्जा, सर्वश्रेष्ठ वेश-भूषा, सर्वश्रेष्ठ प्रकाश परिकल्पना आदि के लिए पुरस्कार प्रदान किए गए। उप महाप्रबंधक (राजभाषा) डॉ.श्याम सुंदर साहु ने इस कार्यक्रम के आयोजन के उद्देश्य को स्पष्ट करते हुए कहा कि राजभाषा के प्रयोग-प्रसार के लिए नाटकों का आयोजन महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

हिंदी नाटक के जनक कौन थे?

भर्तृहरि को प्रायः “हिंदी नाटक का जनक” कहा जाता है,
लेकिन आधुनिक हिंदी नाटक के संदर्भ में भारतेंदु हरिश्चंद्र को आधुनिक हिंदी नाटक का जनक माना जाता है।

हिंदी के तीन प्रसिद्ध नाटककारों के नाम क्या हैं?

प्रमुख नाटककारों में से तीन प्रसिद्ध नाम:

  1. भारतेंदु हरिश्चंद्र
  2. जयशंकर प्रसाद
  3. धर्मवीर भारती

विद्यासुंदर किसका नाटक है?

‘विद्यासुंदर’ भारतेंदु हरिश्चंद्र द्वारा लिखा गया एक प्रसिद्ध नाटक है।

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