అభ్యర్థుల మధ్య లొల్లి చైర్ పర్సన్/మేయర్ ఎన్నిక తగ్గిన టమాటా ధరలు నిజామాబాద్, కరీంనగర్లో బిజెపి జెండా! జలమండలి పునర్వ్యవస్థీకరణ తెలంగాణకు శుభవార్త ఎన్నికల పోలింగ్ ఎంతంటే? ముగిసిన మున్సిపల్ పోలింగ్ కోఠిలో కాల్పులు, ఏటీఎం టార్గెట్! రూ.6 లక్షల దోపిడీ అత్తతో కలిసి మేనమామను చంపిన మేనల్లుడు అభ్యర్థుల మధ్య లొల్లి చైర్ పర్సన్/మేయర్ ఎన్నిక తగ్గిన టమాటా ధరలు నిజామాబాద్, కరీంనగర్లో బిజెపి జెండా! జలమండలి పునర్వ్యవస్థీకరణ తెలంగాణకు శుభవార్త ఎన్నికల పోలింగ్ ఎంతంటే? ముగిసిన మున్సిపల్ పోలింగ్ కోఠిలో కాల్పులు, ఏటీఎం టార్గెట్! రూ.6 లక్షల దోపిడీ అత్తతో కలిసి మేనమామను చంపిన మేనల్లుడు

Hyderabad : आवास सुरक्षा केवल आश्रय नहीं, सम्मान का प्रतीक – लक्ष्मण कुमार

Author Icon By Ajay Kumar Shukla
Updated: May 8, 2026 • 12:14 PM
వాట్సాప్‌లో ఫాలో అవండి

हैदराबाद। तेलंगाना के एससी, एसटी कल्याण मंत्री एवं नलगोंडा जिले के प्रभारी मंत्री अदलुरी लक्ष्मण कुमार (Adluri Laxman Kumar) ने कहा कि आवास सुरक्षा केवल छत उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि गरीब परिवारों के लिए सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक स्थिरता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी के नेतृत्व में कांग्रेस सरकार वंचित वर्गों के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण (economic empowerment) के लिए एक नए युग की शुरुआत कर रही है। मंत्री ने कहा कि इंदिरम्मा आवास योजना को संयुक्त नलगोंडा जिले में एक आदर्श मॉडल के रूप में विकसित किया जाना चाहिए। मंत्री अदलुरी लक्ष्मण कुमार ने यह बातें गुरुवार को हैदराबाद स्थित हाउसिंग कॉरपोरेशन मुख्यालय में आयोजित आवास एवं राजस्व विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में कहीं। बैठक की अध्यक्षता राजस्व, आवास तथा सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री पोन्नम पोगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने की।

प्रत्येक गरीब परिवार तक बिना देरी के पहुंचे योजना का लाभ

इस बैठक में सिंचाई मंत्री उत्तम कुमार रेड्डी, सड़क एवं भवन मंत्री कोमाटिरेड्डी वेंकट रेड्डी, भुवनगिरी सांसद चामला किरण कुमार रेड्डी, विधान परिषद सभापति जी. सुखेंदर रेड्डी सहित कई विधायक और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इंदिरम्मा आवास योजना का लाभ वास्तविक रूप से पात्र प्रत्येक गरीब परिवार तक बिना किसी भेदभाव और देरी के पहुंचे। उन्होंने अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, दिव्यांगजन और एकल महिलाओं को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। उन्होंने यह भी कहा कि जिन लाभार्थियों को पहली किस्त मिल चुकी है, उन्हें समय पर अगली किस्त दी जाए ताकि निर्माण कार्य बिना बाधा के पूरा हो सके। अदलुरी लक्ष्मण कुमार ने कहा कि शिक्षा, रोजगार और आवास सुरक्षा मिलकर गरीब परिवारों के जीवन को बदलने की क्षमता रखते हैं।

समावेशी विकास के लिए एकीकृत नीतियों पर कार्य कर रही सरकार

राज्य सरकार समावेशी विकास और सामाजिक न्याय के लिए एकीकृत नीतियों पर कार्य कर रही है। भूमि प्रशासन सुधारों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि राजस्व और वन विभाग को आपसी समन्वय से वर्षों से लंबित भूमि विवादों का समाधान करना चाहिए। भूमि अभिलेखों में पारदर्शिता और शुद्धता से ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं का स्थायी समाधान संभव होगा। मंत्री ने स्पष्ट किया कि इंदिरम्मा आवास योजना में भ्रष्टाचार या अनियमितताओं के प्रति शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को पूरी ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी का कर्तव्य है कि वह निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर जनता का सरकार पर विश्वास और मजबूत करे।

तेलंगाना में हिंदुओं की आबादी कितनी है?

जनगणना 2011 के अनुसार तेलंगाना में हिंदू समुदाय की आबादी लगभग 85 प्रतिशत है। राज्य में मुस्लिम, ईसाई और अन्य धर्मों के लोग भी रहते हैं। हैदराबाद समेत कई शहरों में धार्मिक विविधता देखने को मिलती है। तेलंगाना में हिंदू संस्कृति, मंदिर और पारंपरिक त्योहारों का विशेष महत्व है। बोनालू, बथुकम्मा और दशहरा जैसे पर्व बड़े उत्साह के साथ मनाए जाते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में हिंदू आबादी अधिक पाई जाती है और कृषि आधारित जीवन शैली प्रमुख मानी जाती है।

तेलंगाना का दूसरा नाम क्या है?

दक्षिण भारत का यह राज्य ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान के कारण “तेलुगु भूमि” के नाम से भी जाना जाता है। प्राचीन समय में इस क्षेत्र को त्रिलिंग प्रदेश कहा जाता था, जिससे आगे चलकर तेलंगाना नाम बना माना जाता है। यहां की भाषा, संस्कृति और परंपराएं तेलुगु सभ्यता से गहराई से जुड़ी हुई हैं। राज्य का गठन 2 जून 2014 को आंध्र प्रदेश से अलग होकर हुआ था। हैदराबाद इसकी राजधानी है और इसे आईटी हब के रूप में भी पहचान मिली हुई है।

तेलंगाना राज्य का मुख्य भोजन क्या है?

यहां के पारंपरिक भोजन में चावल सबसे अधिक उपयोग किया जाता है। हैदराबादी बिरयानी, सरवा पिंडी, साकिनालु और पच्ची पुलुसु जैसे व्यंजन काफी लोकप्रिय हैं। मसालेदार और स्वादिष्ट खाने की वजह से तेलंगाना की अलग पहचान बनी हुई है। ग्रामीण इलाकों में ज्वार और बाजरे से बने खाद्य पदार्थ भी खाए जाते हैं। त्योहारों और विशेष अवसरों पर पारंपरिक मिठाइयां और स्थानीय व्यंजन तैयार किए जाते हैं। तेलंगाना का खानपान दक्षिण भारतीय और दक्कनी संस्कृति का मिश्रण माना जाता है।

Read Telugu News: https://vaartha.com/

यह भी पढ़ें :

#Breaking news #HindiNews #LatestNews Adluri Laxman Kumar Housing Security Indiramma Housing Scheme Social Empowerment telangana government

గమనిక: ఈ వెబ్ సైట్ లో ప్రచురించబడిన వార్తలు పాఠకుల సమాచార ప్రయోజనాల కోసం ఉద్దేశించి మాత్రమే ఇస్తున్నాం. మావంతుగా యధార్థమైన సమాచారాన్ని ఇచ్చేందుకు కృషి చేస్తాము.