बीजेपी ने पुल और नदी किनारे के परिवारों का समर्थन किया
हैदराबाद। तेलंगाना बीजेपी (Telangana BJP) ने कहा कि ‘विकास लोगों के आंसुओं पर नहीं होना चाहिए’ और राजधानी शहर में बहने वाली मूसी नदी के किनारे कथित रूप से अपने घर खो चुके परिवारों की स्थिति को समझने और उनका समर्थन करने के लिए यात्रा शुरू की। ‘मूसी गोस – बीजेपी भरोसा’ नामक इस यात्रा का उद्देश्य गांधी सरोवर परियोजना के तहत घर खोने का दावा करने वाले परिवारों को समर्थन देना था। बीजेपी ने मूसी रिवरफ्रंट विकास कार्यों में कथित बड़े पैमाने पर अन्याय का आरोप लगाया और प्रभावित परिवारों के लिए मदद का भरोसा दिया। राज्य बीजेपी अध्यक्ष एन. रामचंदर राव ने बापू घाट पर महात्मा गांधी (Mahatama Gandhi) को श्रद्धांजलि दी और मूसी नदी के किनारे कई क्षेत्रों का दौरा कर स्थानीय निवासियों से मुलाकात की।

तुरंत रोकी जाए ‘जबरन तोड़फोड़’
राव ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार के तहत मूसी रिवरफ्रंट डेवलपमेंट और प्रस्तावित गांधी सरोवर परियोजना के तहत सैकड़ों घर ढहाए गए। राव ने मीडिया से कहा कि ‘जबरन तोड़फोड़’ तुरंत रोकी जाए और विकास गरीबों की कीमत पर नहीं होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बीजेपी मूसी नदी के सौंदर्यीकरण के विरोध में नहीं है, लेकिन नदी की सफाई और औद्योगिक व सीवेज का रोकथाम पहले होना चाहिए।

राव ने गुजरात के सरदार सरोवर डैम का उदाहरण देते हुए कहा कि गरीब परिवारों को प्रगति के नाम पर बेदखल नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह परियोजना केवल राज्य पहल है, केंद्र सरकार का समर्थन इसमें नहीं है। बीजेपी ने प्रभावित परिवारों को न्याय मिलने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही। दौरे के दौरान पार्क रिज़ अपार्टमेंट्स, लोटस नेशनल स्कूल के पास और आदित्य एन्क्लेव सहित विभिन्न क्षेत्रों में निवासियों ने अपनी पीड़ा व्यक्त की। कई परिवारों ने अपनी आपबीती साझा करते हुए आंसू बहाए और महिलाओं तथा बुजुर्गों में आशंका और भय व्याप्त था।

गांधी सरोवर कहाँ स्थित है?
गांधी सरोवर उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में केदारनाथ धाम के पास स्थित एक छोटा हिमनदीय झील है। इसे चोराबाड़ी ताल भी कहा जाता है। यह समुद्र तल से लगभग 3,900 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। मान्यता है कि महात्मा गांधी की अस्थियों का एक भाग यहां विसर्जित किया गया था, इसलिए इसे गांधी सरोवर नाम दिया गया।
महात्मा गांधी परियोजना क्या है?
ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को आमतौर पर महात्मा गांधी परियोजना कहा जाता है। इस योजना के तहत ग्रामीण परिवारों को साल में कम से कम 100 दिनों का रोजगार देने की गारंटी दी जाती है। इसका उद्देश्य आजीविका सुरक्षा और ग्रामीण विकास को मजबूत करना है।
गांधी जी का सबसे बड़ा आंदोलन कौन सा था?
स्वतंत्रता संग्राम के दौरान कई महत्वपूर्ण आंदोलनों का नेतृत्व किया गया, लेकिन 1942 का भारत छोड़ो आंदोलन सबसे व्यापक और प्रभावशाली माना जाता है। इस आंदोलन का उद्देश्य ब्रिटिश शासन को तुरंत समाप्त करने की मांग करना था। “करो या मरो” का नारा इसी आंदोलन से जुड़ा था, जिसने देशभर में जनआंदोलन का रूप ले लिया।
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