इनपुट लागत बढ़ने से महंगी होंगी कारें
नई दिल्ली: मारुति(Maruti) सुजुकी ने घोषणा की है कि कच्चे माल (कच्ची धातुओं) की कीमतों में लगातार हो रहे इजाफे और वैश्विक भू-राजनीतिक (Geopolitical) तनाव के कारण इनपुट लागत बढ़ गई है। कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी पार्थो बनर्जी के अनुसार, अब तक कंपनी इस अतिरिक्त लागत का बोझ खुद उठा रही थी, लेकिन अब इसे ग्राहकों पर डालना अनिवार्य हो गया है। हालांकि, कीमतों में कितनी वृद्धि होगी, इसकी सटीक जानकारी अभी साझा नहीं की गई है, लेकिन इससे पहले अप्रैल 2025 में कंपनी ने 4% तक दाम बढ़ाए थे।
बिक्री का नया रिकॉर्ड और पेंडिंग ऑर्डर्स की चुनौती
कीमतें बढ़ने की खबर के बीच मारुति(Maruti) सुजुकी ने जनवरी में बिक्री(Sales) का एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। कंपनी ने कुल 2.36 लाख से अधिक गाड़ियां बेची हैं, जिसमें से 51,020 यूनिट्स का रिकॉर्ड एक्सपोर्ट भी शामिल है। मांग इतनी अधिक है कि कंपनी के पास फिलहाल 1.75 लाख कारों के ऑर्डर पेंडिंग हैं। नई SUV ‘विक्टोरिस’ को बाजार में जबरदस्त प्रतिक्रिया मिल रही है और महज 5 महीनों में इसने 50,000 यूनिट्स की बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है।
अन्य पढ़े: बजट 2026: क्या हुआ सस्ता और कहाँ बढ़ा महंगाई का बोझ?
ग्राहकों के लिए राहत: ‘प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम’
कार बुक कर चुके ग्राहकों के लिए राहत की बात यह है कि मारुति ने ‘प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम’ की शुरुआत की है। इसके तहत, जिन ग्राहकों ने पहले ही गाड़ी बुक कर ली है, लेकिन प्रोडक्शन(Maruti) में देरी की वजह से उन्हें अभी तक डिलीवरी नहीं मिली है, उन्हें बढ़ी हुई कीमतों का भुगतान नहीं करना होगा। उन्हें पुरानी बुकिंग कीमत पर ही कार उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अलावा, तीसरी तिमाही में कंपनी के मुनाफे में भी 4% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जो कुल 3,794 करोड़ रुपए रहा।
मारुति सुजुकी अपनी कारों की कीमतें क्यों बढ़ा रही है?
कंपनी के अनुसार, स्टील और अन्य कीमती धातुओं जैसे कच्चे माल की कीमतों में बढ़ोतरी और वैश्विक तनाव के कारण सप्लाई चेन प्रभावित हुई है। इससे कारों के निर्माण की ‘इनपुट कॉस्ट’ बढ़ गई है, जिसकी भरपाई के लिए कीमतें बढ़ाना जरूरी हो गया है।
क्या उन ग्राहकों को भी ज्यादा पैसे देने होंगे जिन्होंने पहले ही कार बुक कर ली है?
नहीं, मारुति(Maruti) की नई ‘प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम’ के तहत जिन लोगों ने कार बुक कर ली है, उन्हें डिलीवरी के समय बढ़ी हुई कीमतें नहीं देनी पड़ेंगी। उन्हें उसी दाम पर कार मिलेगी जिस पर उन्होंने बुकिंग कराई थी।
अन्य पढ़े: