GOA- नाबालिगों पर सोशल मीडिया बैन की ओर गोवा, ऑस्ट्रेलिया जैसा कानून संभव

Read Time:  1 min
सोशल मीडिया
सोशल मीडिया
FONT SIZE
GET APP

पणजी। आधुनिक समय में मोबाइल फोन और सोशल मीडिया (Social Media) बच्चों के जीवन का एक अनिवार्य हिस्सा बन गए हैं। छोटे बच्चे भी अपना काफी समय इंस्टाग्राम, फेसबुक और यूट्यूब जैसे प्लेटफॉर्म्स पर बिता रहे हैं। इस स्थिति के कारण बच्चों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ रहे नकारात्मक प्रभावों को देखते हुए गोवा सरकार (Goa Government) अब एक कड़ा कदम उठाने की योजना बना रही है। राज्य सरकार ऑस्ट्रेलिया की तर्ज पर 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया के इस्तेमाल पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने पर गंभीरता से विचार कर रही है। इस बात का स्पष्ट संकेत खुद राज्य के मंत्री ने दिया है, जिससे देशभर में एक नई बहस छिड़ गई है।

बच्चों की सेहत को लेकर सरकार की चिंता

सरकार का प्राथमिक तर्क यह है कि बच्चों को मोबाइल (Mobile) की गंभीर लत, हानिकारक कंटेंट और सोशल मीडिया के कारण पैदा होने वाले मानसिक दबाव से बचाना अत्यंत आवश्यक हो गया है। अधिकारियों का मानना है कि कम उम्र में सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग बच्चों के संज्ञानात्मक विकास और व्यवहार पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है।

अभी शुरुआती चरण में है प्रस्ताव

हालांकि यह फैसला फिलहाल चर्चा के स्तर पर है और पूरी तरह लागू नहीं हुआ है, लेकिन इस प्रस्ताव ने अभिभावकों, शिक्षकों और नीति निर्माताओं के बीच हलचल पैदा कर दी है। विशेषज्ञों के बीच इसे लेकर समर्थन और विरोध—दोनों तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

मोबाइल की लत और ऑनलाइन जोखिम बड़ी वजह

गोवा सरकार के अनुसार, आजकल बच्चे बहुत ही कम उम्र में मोबाइल और सोशल मीडिया के आदी हो रहे हैं। स्क्रीन के सामने घंटों बिताने से न केवल उनकी आंखों और नींद पर बुरा असर पड़ रहा है, बल्कि उनकी सोचने-समझने की क्षमता भी प्रभावित हो रही है। उम्र के लिहाज से अनुपयुक्त वीडियो, गलत जानकारी और अजनबियों से संपर्क बच्चों के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है।

साइबर बुलिंग और ऑनलाइन उत्पीड़न पर चिंता

सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल के साथ साइबर बुलिंग और ऑनलाइन उत्पीड़न की घटनाएं भी तेजी से सामने आ रही हैं। इन्हीं सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी चिंताओं को देखते हुए सरकार 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को इन डिजिटल मंचों से दूर रखने की रूपरेखा तैयार कर रही है।

ऑस्ट्रेलिया मॉडल से प्रेरित है गोवा की योजना

गौरतलब है कि गोवा सरकार का यह विचार वैश्विक रुझानों से प्रेरित नजर आता है। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया के उपयोग पर सख्त प्रतिबंध लगाकर मिसाल पेश की है। वहां बच्चों को इंस्टाग्राम, फेसबुक और टिकटॉक जैसे ऐप्स के इस्तेमाल की अनुमति नहीं है।

अन्य पढ़े: Bengaluru strange theft case : बेंगलुरु में अजीब चोर! महिलाओं के इनरवियर ही निशाना क्यों?

बचपन को सुरक्षित बनाने की कोशिश

ऑस्ट्रेलिया सरकार का तर्क है कि ऐसे नियमों से बच्चों का बचपन सुरक्षित रहेगा और वे आभासी दुनिया की बजाय किताबों, खेलों और परिवार के साथ अधिक समय बिता सकेंगे। गोवा भी इसी मॉडल को अपनाकर बच्चों को एक स्वस्थ और सुरक्षित माहौल देने की दिशा में आगे बढ़ सकता है।

Read More :

Anuj Kumar

लेखक परिचय

Anuj Kumar

सूचना : इस वेबसाइट पर प्रकाशित खबरें केवल पाठकों की जानकारी के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम अपनी ओर से यथासंभव सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करते हैं।