हैदराबाद। प्रजा पालना–प्रगति प्राणालिका (PP-PP) कार्यक्रम के तहत आज जीएचएमसी सर्किलों में खेलकूद और शारीरिक फिटनेस को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन कार्यक्रमों में स्टाफ, स्थानीय युवाओं और निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिससे पूरे आयोजन स्थल पर ऊर्जा और उत्साह का माहौल रहा। कार्यक्रम के दौरान अलग-अलग जीएचएमसी ज़ोन में खेल प्रतियोगिताएं सफलतापूर्वक आयोजित की गईं, जिनका उद्देश्य प्रतिभागियों में टीम भावना, अनुशासन और स्वस्थ जीवनशैली (Lifestyle) को बढ़ावा देना रहा। लालापेट स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, मेट्टुगुड़ा सर्किल में आयोजित कार्यक्रम में उप आयुक्त और सहायक खेल निदेशक ने उपस्थित होकर विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए।
छात्रों और युवाओं में दिखा गजब का उत्साह
इसी प्रकार वीपीजी प्ले ग्राउंड में भी उप आयुक्त और सहायक खेल निदेशक ने विजेताओं एवं प्रतिभागियों को सम्मानित किया और उनके उत्साह की सराहना की। अधिकारियों ने प्रतिभागियों से बातचीत करते हुए उन्हें आगे भी खेल और फिटनेस गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया। उनके इस प्रोत्साहन से खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ा और कार्यक्रम में अतिरिक्त उत्साह देखने को मिला। इसी तरह चारमीनार ज़ोन के दरुलशिफा में आयोजित समापन समारोह में उप आयुक्त और सहायक खेल निदेशक ने विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए। यहां आयोजित विभिन्न खेल गतिविधियों को स्थानीय समुदाय से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। अधिकारियों ने कहा कि खेल केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं हैं, बल्कि एक स्वस्थ और सक्रिय समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जीएचएमसी के विभिन्न सर्किलों में चल रहा पीपी-पीपी कार्यक्रम नागरिक सहभागिता और सामुदायिक जुड़ाव को मजबूत करने में लगातार महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
जीएचएमसी का क्या अर्थ है?
ग्रेटर हैदराबाद म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन हैदराबाद शहर की प्रमुख नगर प्रशासनिक संस्था है। इसका कार्य शहर में सफाई, सड़क, जल निकासी, स्ट्रीट लाइट और अन्य नागरिक सुविधाओं का प्रबंधन करना होता है। यह संस्था शहरी विकास, भवन अनुमति और संपत्ति कर संग्रह जैसी जिम्मेदारियां भी संभालती है। हैदराबाद और आसपास के कई क्षेत्रों का प्रशासन इसी निगम के अंतर्गत आता है। शहर की आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका मानी जाती है।
जीएचएमसी संपत्ति कर की गणना कैसे की जाती है?
संपत्ति का आकार, स्थान, उपयोग और अनुमानित किराया मूल्य के आधार पर कर तय किया जाता है। आवासीय और व्यावसायिक भवनों के लिए अलग-अलग कर दरें लागू हो सकती हैं। भवन का क्षेत्रफल, निर्माण प्रकार और उपलब्ध सुविधाएं भी गणना में शामिल की जाती हैं। नगर निगम द्वारा निर्धारित नियमों और कर स्लैब के अनुसार अंतिम राशि तय होती है। समय पर भुगतान करने पर कुछ मामलों में छूट भी दी जा सकती है।
जीएचएमसी और नगर पालिका में क्या अंतर है?
बड़े महानगरों के प्रशासन के लिए नगर निगम जैसी संस्थाएं बनाई जाती हैं, जबकि छोटे शहरों और कस्बों के लिए नगर पालिका कार्य करती है। ग्रेटर हैदराबाद म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन जैसे निगम का कार्यक्षेत्र और बजट अधिक बड़ा होता है। नगर पालिका की तुलना में नगर निगम के पास अधिक प्रशासनिक अधिकार और संसाधन होते हैं। दोनों संस्थाओं का मुख्य उद्देश्य नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना और शहरी विकास करना होता है।
ghmc संपत्ति कर online कैसे करें?
ऑनलाइन भुगतान के लिए आधिकारिक नगर निगम पोर्टल पर जाकर संपत्ति विवरण दर्ज करना होता है। वहां प्रॉपर्टी टैक्स नंबर या संबंधित जानकारी भरने के बाद बकाया राशि दिखाई जाती है। इसके बाद नेट बैंकिंग, यूपीआई या कार्ड के माध्यम से भुगतान किया जा सकता है। भुगतान पूरा होने पर रसीद डाउनलोड करने की सुविधा भी उपलब्ध रहती है। डिजिटल सेवा के कारण कर जमा करने की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक आसान हो गई है।
Read Telugu News: https://vaartha.com/
यह भी पढ़ें :