USA- क्यूबा पर ट्रंप की नई सख्ती, ईंधन और खाद्य संकट गहराने के आसार

Read Time:  1 min
ट्रंप
ट्रंप
FONT SIZE
GET APP

हवाना। अमेरिका ने क्यूबा पर आर्थिक दबाव बढ़ाते हुए नई और सख्त पाबंदियों की घोषणा की है। अमेरिकी प्रशासन (Americi Administrative) का कहना है कि इन प्रतिबंधों का मकसद क्यूबा की जनता नहीं, बल्कि वहां के सत्ता समर्थित आर्थिक नेटवर्क को कमजोर करना है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि इन कदमों से पहले से आर्थिक संकट झेल रहे क्यूबा में ईंधन, खाद्य सामग्री और जरूरी सेवाओं की स्थिति और खराब हो सकती है।

क्यूबा की सबसे बड़ी कारोबारी इकाई पर कार्रवाई

अमेरिका ने क्यूबा की सैन्य नियंत्रित कारोबारी संस्था जीएईएसए (गायसा) को प्रतिबंधों के केंद्र में रखा है। यह समूह होटल, ट्रैवल एजेंसी, रिटेल कारोबार, कार रेंटल और वित्तीय संस्थानों समेत देश की अर्थव्यवस्था के बड़े हिस्से पर नियंत्रण रखता है। इसके साथ ही कनाडा (Canada) की बड़ी कंपनी शेरिट इंटरनेशनल के संयुक्त उपक्रम मोआ निकल पर भी प्रतिबंध लगाए गए हैं। कार्रवाई के बाद कंपनी ने क्यूबा से अपना 32 साल पुराना कारोबार समेटने का फैसला किया है, जिसे क्यूबा की अर्थव्यवस्था के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।

विदेशी कंपनियों पर भी बढ़ा खतरा

विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका अब नई कानूनी शक्तियों के जरिए उन विदेशी कंपनियों पर भी कार्रवाई कर सकता है जो क्यूबा के प्रतिबंधित संस्थानों के साथ कारोबार करती हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ऐसे मामलों में कंपनियों की अमेरिकी संपत्तियां फ्रीज की जा सकती हैं और उनके अधिकारियों व कर्मचारियों की अमेरिका यात्रा (Trip to America ) पर भी रोक लग सकती है। इससे विदेशी निवेशकों में डर का माहौल बन गया है।

ईंधन और खाद्य संकट गहराने की आशंका

अर्थशास्त्रियों का कहना है कि क्यूबा पहले से गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा है। जनवरी से ईंधन आपूर्ति में बाधा आने के कारण बिजली और परिवहन व्यवस्था प्रभावित हुई है। अब नई पाबंदियों के बाद विदेशी साझेदारों के पीछे हटने से हालात और बिगड़ सकते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर निवेश और व्यापार प्रभावित हुआ तो खाद्य सामग्री, ईंधन और जरूरी वस्तुओं की कमी और बढ़ सकती है। क्यूबा में पहले ही लंबी बिजली कटौती, महंगाई और जरूरी सामानों की कमी से लोग परेशान हैं।

Read Also : विजय सरकार का बड़ा ऐलान, 200 यूनिट फ्री बिजली समेत महिलाओं की सुरक्षा पर फोकस

क्यूबा ने बताया ‘सामूहिक सजा’

क्यूबा सरकार ने अमेरिकी प्रतिबंधों की कड़ी आलोचना की है। हवाना ने कहा कि अमेरिका राजनीतिक उद्देश्यों के लिए क्यूबा की अर्थव्यवस्था को जानबूझकर कमजोर कर रहा है। सरकार का आरोप है कि इन प्रतिबंधों का असर सीधे आम नागरिकों पर पड़ेगा, जिससे मानवीय संकट और गहरा सकता है। फिलहाल क्यूबा बिजली, पानी, ईंधन और खाद्य संकट के सबसे कठिन दौर से गुजर रहा है और नई पाबंदियों ने वहां की चिंता और बढ़ा दी है।

Read More :

Anuj Kumar

लेखक परिचय

Anuj Kumar

सूचना : इस वेबसाइट पर प्रकाशित खबरें केवल पाठकों की जानकारी के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम अपनी ओर से यथासंभव सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करते हैं।