Hamas Lashkar meeting : पाकिस्तान में हमास लश्कर की बैठक | आतंकी रिश्तों पर हड़कंप

Read Time:  1 min
Hamas Lashkar meeting
Hamas Lashkar meeting
FONT SIZE
GET APP

Hamas Lashkar meeting : पाकिस्तान में आतंकी संगठनों के बीच बढ़ती नज़दीकियों का एक और संकेत सामने आया है। हमास और लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के वरिष्ठ नेताओं के बीच पाकिस्तान में एक बैठक हुई है। हमास के वरिष्ठ कमांडर नाजी ज़हीर ने लश्कर कमांडर राशिद अली संधू से पाकिस्तान के गुजरांवाला में मुलाकात की। यह मुलाकात पाकिस्तान मरकज़ी मुस्लिम लीग (PMML) के एक कार्यक्रम के दौरान हुई, जिसे लश्कर का राजनीतिक मुखौटा माना जाता है।

हाल ही में सामने आए एक बिना तारीख वाले वीडियो में नाजी ज़हीर और राशिद अली संधू एक ही मंच पर नज़र आए। इस कार्यक्रम में नाजी ज़हीर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे। राशिद अली संधू आधिकारिक तौर पर PMML नेता बताए जाते हैं, लेकिन उनकी पहचान एक लश्कर कमांडर के रूप में है। इस बैठक ने अमेरिका द्वारा प्रतिबंधित दोनों आतंकी संगठनों के बीच बढ़ते सहयोग को उजागर किया है।

नाजी ज़हीर के पाकिस्तान से संबंध पहले से ही मजबूत रहे हैं। (Hamas Lashkar meeting) फरवरी 2025 में उन्होंने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर का दौरा किया था, जहां उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले से कुछ हफ्ते पहले लश्कर और जैश-ए-मोहम्मद के नेताओं के साथ भारत विरोधी रैली को संबोधित किया था। इससे पहले जनवरी 2024 में उन्होंने कराची प्रेस क्लब में मीडिया से बातचीत की थी और अप्रैल 2024 में इस्लामाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन द्वारा सम्मानित किए गए थे।

Read also : Rajsamand : कार में जिंदा जली मासूम, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

7 अक्टूबर 2023 को इज़रायल पर हुए आतंकी हमले के बाद 14 अक्टूबर को ज़हीर पाकिस्तान पहुंचे और जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम प्रमुख मौलाना फज़लुर्रहमान से मुलाकात की। उसी दिन उन्होंने पेशावर में आयोजित मुफ्ती महमूद सम्मेलन में हिस्सा लिया, जहां खालिद मशाल ने वीडियो लिंक के माध्यम से भाषण दिया।

इसके बाद 29 अक्टूबर 2023 को ज़हीर क्वेटा में आयोजित “अल-अक्सा स्टॉर्म” सम्मेलन में शामिल हुए। नवंबर 2023 में कराची में हुए “तूफान-ए-अक्सा” सम्मेलन में भी उनकी मौजूदगी दर्ज की गई। ये सभी गतिविधियां पाकिस्तान में हमास से जुड़े तत्वों की बढ़ती सक्रियता और वहां मौजूद आतंकी नेटवर्क के साथ उनके समन्वय को दर्शाती हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह सब पाकिस्तान की ‘डीप स्टेट’ के समर्थन के बिना संभव नहीं है। इसी बीच, अमेरिका भविष्य में गाजा में स्थापित होने वाली अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण सेना के लिए पाकिस्तान की सेना की भागीदारी की उम्मीद कर रहा है। डोनाल्ड ट्रंप की 20 सूत्रीय गाजा योजना में युद्ध से तबाह क्षेत्र के पुनर्निर्माण और आर्थिक बहाली के लिए एक अंतरराष्ट्रीय बल की भूमिका का उल्लेख किया गया है।

Read Telugu News: https://vaartha.com/

यह भी पढ़ें :

Sai Kiran

लेखक परिचय

Sai Kiran

सूचना : इस वेबसाइट पर प्रकाशित खबरें केवल पाठकों की जानकारी के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम अपनी ओर से यथासंभव सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करते हैं।