हमलावरों ने बरसाईं गोलियां, जांच में जुटी पुलिस
कोलकाता: बुधवार रात करीब 10:30 बजे कोलकाता से मध्यमग्राम लौट रहे चंद्रनाथ रथ की पेशेवर तरीके से हत्या कर दी गई। हमलावरों ने मध्यमग्राम के दोहरिया जंक्शन के पास एक कार से उनकी स्कॉर्पियो का रास्ता रोका और फिर मोटरसाइकिल पर सवार होकर आए शूटरों ने उन पर 6 से 10 राउंड फायरिंग की। चंद्रनाथ को सीने और पेट में गोलियां लगीं, जिससे उनकी मौत हो गई। जांच में सामने आया है कि इस हत्याकांड में ग्लॉक 47X (Glock 47X) जैसी आधुनिक पिस्टल का इस्तेमाल किया गया है, जो आमतौर पर पेशेवर अपराधियों या शार्प शूटरों के पास होती है।
फर्जी नंबर प्लेट और सोची-समझी साजिश
पुलिस की शुरुआती जांच में यह हमला पूरी तरह ‘प्री-प्लान्ड’ नजर आ रहा है। हमलावर जिस कार का इस्तेमाल कर रहे थे, उसका नंबर फर्जी पाया गया है और उसके चेसिस नंबर के साथ भी छेड़छाड़ की गई थी। वारदात के बाद अपराधी कार को मौके पर ही छोड़कर बिना नंबर प्लेट वाली मोटरसाइकिलों पर फरार हो गए। सीसीटीवी फुटेज से पता चला है कि हमलावर करीब 20 किलोमीटर तक चंद्रनाथ की गाड़ी का पीछा कर रहे थे, जिससे साफ है कि उन्होंने हमले के लिए सही समय और सुनसान जगह का चुनाव पहले से ही कर रखा था।
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सुवेंदु अधिकारी के बेहद भरोसेमंद थे चंद्रनाथ
42 वर्षीय चंद्रनाथ रथ पूर्व वायुसेना अधिकारी थे और सुवेंदु अधिकारी के सबसे करीबी सहयोगियों में से एक माने जाते थे। वे तब से सुवेंदु के साथ थे जब वे तृणमूल कांग्रेस (TMC) में थे। 2019 में वे सुवेंदु की आधिकारिक टीम का हिस्सा बने और भवानीपुर विधानसभा चुनाव में सुवेंदु की जीत के अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। शांत और लो-प्रोफाइल रहने वाले चंद्रनाथ ने अपनी मां के साथ 2020 में भाजपा की सदस्यता ली थी। चुनावी नतीजों के मात्र तीन दिन बाद हुई इस हत्या ने राज्य में राजनीतिक तनाव बढ़ा दिया है।
चंद्रनाथ रथ कौन थे और सुवेंदु अधिकारी के साथ उनका जुड़ाव कैसा था?
चंद्रनाथ रथ पूर्व वायुसेना अधिकारी थे और भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी के पर्सनल असिस्टेंट (PA) थे। वे सुवेंदु के टीएमसी में रहने के समय से ही उनके साथ थे और उन्हें सुवेंदु का बेहद करीबी और भरोसेमंद माना जाता था।
पुलिस जांच में हमलावरों द्वारा इस्तेमाल की गई कार और हथियारों के बारे में क्या पता चला है?
जांच में पता चला है कि हमलावरों ने फर्जी नंबर प्लेट वाली कार का इस्तेमाल किया था और हत्या के लिए अत्याधुनिक ग्लॉक 47X पिस्टल का प्रयोग किया गया था। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी कार छोड़कर बिना नंबर वाली बाइक से फरार हो गए।
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