हैदराबाद। हैदराबाद जिला कांग्रेस कमेटी (DCC) ने ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (GHMC) चुनावों से पहले पुराने शहर में पार्टी की उपस्थिति को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित करते हुए गांधी भवन में एक कार्यकारी बैठक और विचारधारा प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया। आयोजकों द्वारा अपनी तरह की पहली बैठक के रूप में वर्णित यह बैठक रविवार शाम को आयोजित की गई और इसमें शाम 4 बजे से रात 9:30 बजे तक 100 से अधिक पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस विस्तारित सत्र को संगठनात्मक रणनीति, चुनावी चुनौतियों और कार्यकर्ताओं को संगठित करने जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा के लिए संरचित किया गया था।
गांधी भवन में विचारधारा प्रशिक्षण सत्र का आयोजन
हैदराबाद डीसीसी अध्यक्ष सैयद खालिद सैफुल्लाह ने सभा को संबोधित करते हुए भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की मूल विचारधारा पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने समावेशी शासन, सामाजिक न्याय और प्रतिनिधित्व की पार्टी की विरासत पर जोर दिया और कार्यकर्ताओं से जमीनी स्तर पर निरंतर संपर्क के माध्यम से मतदाताओं से पुनः जुड़ने का आग्रह किया। उन्होंने चुनौतीपूर्ण निर्वाचन क्षेत्रों में पार्टी के प्रभाव को बढ़ाने के लिए सुविचारित राजनीतिक जोखिम उठाने और पारंपरिक दृष्टिकोणों से हटकर नए रास्ते अपनाने के महत्व पर भी बल दिया। राष्ट्रीय राजनीतिक घटनाक्रमों से तुलना करते हुए उन्होंने कहा कि राजनीति में नेतृत्व के लिए साहस, दूरदर्शिता और कठिन चुनावी परिस्थितियों का सामना करने की क्षमता आवश्यक है।
वर्तमान में राजस्थान कारागार विभाग के महानिदेशक कौन हैं?
वर्तमान में राजस्थान कारागार विभाग के महानिदेशक (DGP Prisons) Ashok Kumar Rathore हैं। वे राजस्थान जेल विभाग के शीर्ष अधिकारी के रूप में कार्य करते हैं और राज्य की जेलों के प्रशासन, सुरक्षा, सुधारात्मक कार्यक्रमों तथा कैदियों के प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालते हैं। विभाग की आधिकारिक टेलीफोन सूची में उनका नाम DGP Prisons, Jaipur के रूप में दर्ज है।
जेलों के महानिदेशक कौन है?
राज्य स्तर पर जेल विभाग का सर्वोच्च प्रशासनिक अधिकारी महानिदेशक (Director General of Prisons) होता है। राजस्थान में यह पद Ashok Kumar Rathore संभाल रहे हैं। महानिदेशक जेलों की सुरक्षा, कैदियों के प्रबंधन, सुधारात्मक योजनाओं और प्रशासनिक नियंत्रण की निगरानी करते हैं। उनके अधीन अतिरिक्त महानिदेशक, आईजी, डीआईजी और जेल अधीक्षक कार्य करते हैं।
जेल में सबसे बड़ा अधिकारी कौन होता है?
पूरे जेल विभाग में सबसे बड़ा अधिकारी महानिदेशक एवं महानिरीक्षक कारागार (Director General cum Inspector General of Prisons) माना जाता है। वहीं किसी एक केंद्रीय या जिला जेल के अंदर सबसे वरिष्ठ अधिकारी जेल अधीक्षक (Superintendent) होता है। वही जेल की सुरक्षा, अनुशासन, कैदियों की व्यवस्था और दैनिक संचालन की जिम्मेदारी संभालता है। उप जेलों में सहायक जेलर या संबंधित अधिकारी प्रशासनिक कार्य देखते हैं।
Read Telugu News: https://vaartha.com/
यह भी पढ़ें :