सऊदी अरब ने हशीश की तस्करी के दोष में
सात विदेशी और एक स्थानीय व्यक्ति को फांसी दी
रियाद। सऊदी अरब ने एक ही दिन में आठ लोगों को फांसी(Hanging) दी, जिनमें सात विदेशी और एक स्थानीय व्यक्ति शामिल था। यह घटना दुनिया भर में चर्चा का विषय बन गई है।
नशीली दवाओं से जुड़ा मामला और मां की हत्या का अपराध में फांसी दी गई
आधिकारिक सऊदी प्रेस एजेंसी (एसपीए) ने बताया है कि शनिवार को दक्षिणी नजरान क्षेत्र में मादक पदार्थ हशीश की तस्करी में दोषी पाए गए चार सोमालियाई और तीन इथियोपियाई लोगों को फांसी दे दी गई। एसपीए के अनुसार, एक सऊदी(Saudi) व्यक्ति को अपनी मां की हत्या के जुर्म में फांसी दी गई। एक ही दिन में आठ लोगों को फांसी दी गई।
अब तक 230 लोगों को दी जा चुकी है फांसी
फांसी की सजा में इस वृद्धि को विश्लेषक 2023 में नशीले पदार्थों के विरुद्ध लागू किए गए कड़े कानूनों से जोड़ रहे हैं। यहां तक कि 2023 से पहले गिरफ्तार किए गए कई लोगों को अब फांसी दी जा रही है। सऊदी अरब ने तीन साल तक मादक पदार्थों के मामलों में मृत्युदंड को निलंबित रखने के बाद 2022 के अंत में मादक पदार्थों से संबंधित अपराधों के लिए फांसी की सजा फिर शुरू की है।
2023 में लागू हुए सख्त कानूनों का असर
विश्लेषकों के मुताबिक, यह वृद्धि 2023 में लागू हुए कड़े कानूनों का नतीजा है। यहां तक कि 2023 से पहले गिरफ्तार लोगों को भी अब फांसी दी जा रही है।
सऊदी अरब ने किन मामलों में फांसी दी?
मुख्य रूप से नशीली दवाओं की तस्करी और हत्या जैसे गंभीर अपराधों में फांसी दी गई।
क्या विदेशी नागरिकों को भी सजा मिली है?
हां, चार सोमालियाई और तीन इथियोपियाई नागरिकों को फांसी दी गई है।
सऊदी में फांसी की दर क्यों बढ़ी है?
2023 में लागू हुए कड़े कानूनों और पुरानी फाइलों के निष्पादन से मृत्युदंड की संख्या तेजी से बढ़ी है।