Priyanka Gandhi -54 साल की हुईं प्रियंका गांधी, समर्थकों को दिखी इंदिरा गांधी की छवि

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प्रियंका गांधी
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नई दिल्ली,। यूपी में कांग्रेस महासचिव और सांसद प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने सोमवार को अपना 54वां जन्मदिन मनाया। प्रियंका गांधी के परिवार में पंडित जवाहर लाल नेहरू, दादी इंदिरा गांधी और पिता राजीव गांधी देश के प्रधानमंत्री रहे हैं। वहीं प्रियंका गांधी में लोग इंदिरा गांधी की झलक देखते हैं।

राजनीतिक विरासत से जुड़ा गांधी परिवार

प्रियंका गांधी का जन्म 12 जनवरी 1972 को दिल्ली में हुआ था। इनके पिता राजीव गांधी (Rajeev Gandhi) प्रधानमंत्री रहे और मां सोनिया गांधी पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष रहीं।

पहला चुनाव और ऐतिहासिक उपलब्धि

प्रियंका गांधी ने जब पहला चुनाव लड़ा तो उसमें उन्होंने इतिहास रच दिया और राजनीतिक रूप से अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।

रॉबर्ट वाड्रा से विवाह और पारिवारिक जीवन

प्रियंका गांधी की शादी बिजनेसमैन रॉबर्ट वाड्रा (Robert Vadra) से हुई है। बताया जाता है कि जब प्रियंका 13 वर्ष की थीं, तब उनकी पहली मुलाकात रॉबर्ट वाड्रा से हुई थी।

दादी इंदिरा गांधी से रहा गहरा लगाव

प्रियंका गांधी को अपनी दादी इंदिरा गांधी से विशेष लगाव था। इंदिरा गांधी भी प्रधानमंत्री पद की व्यस्तताओं के बावजूद राहुल और प्रियंका के साथ समय बिताने से नहीं चूकती थीं। राजनीतिक परिवार से होने के बावजूद प्रियंका गांधी लंबे समय तक सक्रिय राजनीति से दूर रहीं।

2004 में संभाला सोनिया गांधी के प्रचार की कमान

साल 2004 के लोकसभा चुनाव में प्रियंका गांधी ने अपनी मां सोनिया गांधी के प्रचार प्रबंधन की जिम्मेदारी निभाई, हालांकि तब वे औपचारिक रूप से राजनीति में सक्रिय नहीं थीं।

अमेठी-रायबरेली तक सीमित रहा शुरुआती दायरा

साल 2007 और 2009 के चुनावों में प्रियंका गांधी ने कांग्रेस का प्रचार किया, जो मुख्य रूप से अमेठी और रायबरेली तक सीमित रहा।

स्टार प्रचारक के रूप में बढ़ी राजनीतिक भूमिका

साल 2012 में कांग्रेस ने प्रियंका गांधी को स्टार प्रचारक बनाया। 2014 और 2017 के चुनावों में भी उन्होंने पार्टी के लिए प्रचार किया।

पूर्वी उत्तर प्रदेश की महासचिव बनकर सक्रिय राजनीति में एंट्री

अगले लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने प्रियंका गांधी को पूर्वी उत्तर प्रदेश का महासचिव नियुक्त किया, जिसके साथ ही उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखा। प्रियंका गांधी की सबसे बड़ी ताकत उनका जमीनी जुड़ाव, विनम्रता और सहज व्यवहार है। वे महिलाओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर खास ध्यान देती हैं और जनता की समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय भूमिका निभाती हैं।

एक प्रभावशाली नेता के रूप में बनाई पहचान

प्रियंका गांधी ने अपनी कार्यशैली से यह साबित किया है कि वे सिर्फ एक राजनीतिक परिवार की सदस्य नहीं, बल्कि एक प्रभावशाली और संवेदनशील नेता भी हैं।

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Anuj Kumar

लेखक परिचय

Anuj Kumar

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