इलेक्ट्रिक बस के बैटरी डिब्बे से अचानक उठने लगी आग की लपटें
करीमनगर। करीमनगर बस स्टैंड परिसर में शनिवार सुबह एक इलेक्ट्रिक बस (Electric Bus) में आग लग गई। बस स्टैंड पर इंतजार कर रहे यात्रियों को लेने के लिए जब ड्राइवर ने बस को करीमनगर-2 डिपो से बाहर निकालने के लिए स्टार्ट किया तो बैटरी (Battery) डिब्बे से अचानक आग की लपटें उठने लगीं। देखते ही देखते पूरी बस में धुआं फैल गया। सतर्क चालक ने तुरंत वाहन रोक दिया और डिपो अधिकारियों के साथ-साथ जेबीएम के शाखा प्रबंधक को भी इसकी सूचना दी, जो आरटीसी के सहयोग से करीमनगर-2 डिपो पर ई-बसों का संचालन करने वाली कंपनी है। डिपो अधिकारियों ने अग्निशमन विभाग को सूचना दी। दमकलकर्मी दमकल गाड़ियों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और आग पर काबू पाया।
आग लगने की कई घटनाएं आई हैं सामने
हाल ही में इलेक्ट्रिक बसों में आग लगने की कई घटनाएं सामने आई हैं, खासकर दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों में। इन घटनाओं के पीछे कई संभावित कारण बताए जा रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक उच्च तापमान इलेक्ट्रिक बसों में आग लगने का एक प्रमुख कारण हो सकता है। यह ओवरलोडिंग, शॉर्ट सर्किट या इंसुलेटर में पानी घुसने के कारण हो सकता है। दिल्ली जैसे शहरों में बढ़ते तापमान से भी यह समस्या बढ़ सकती है।
बसों की जांच के लिए कहा गया
कई घटनाओं में बसें चार्जिंग के दौरान आग की चपेट में आई हैं। उदाहरण के लिए, दिल्ली के बुराड़ी और रोहिणी डिपो में चार्जिंग के दौरान इलेक्ट्रिक बसों में आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं। मुंबई में भी बेस्ट की इलेक्ट्रिक बसों में चार्जिंग के दौरान आग लगने की घटना हुई है, जिसके बाद टाटा मोटर्स को बसों की जांच करने के लिए कहा गया था।
कानपुर में ई-बस की बैटरी फटने से तीन बसों में आग लग गई भीषण
बैटरी या इलेक्ट्रिकल सिस्टम में शॉर्ट सर्किट को भी आग लगने का एक कारण माना जा रहा है। कानपुर में एक घटना में चार्जिंग के दौरान ई-बस की बैटरी फटने से तीन बसों में भीषण आग लग गई थी। गनीमत रही कि इनमें से कई घटनाओं में कोई बड़ा जानमाल का नुकसान नहीं हुआ, क्योंकि बसें या तो खाली थीं या यात्रियों को समय रहते उतार लिया गया था। इन घटनाओं के बाद इलेक्ट्रिक बसों की सुरक्षा और उनके निर्माण तथा चार्जिंग प्रक्रियाओं की जांच पर जोर दिया जा रहा है।