कैमूर,। बिहार विधानसभा चुनाव के दो चरणों की मतदान प्रक्रिया और मतगणना (counting) शांतिपूर्वक संपन्न होने के बावजूद कैमूर जिले (Kaimur District) में शुक्रवार देर शाम भारी हिंसा भड़क उठी। रामगढ़ विधानसभा सीट पर बसपा की एकमात्र जीत के ऐलान के इर्द-गिर्द उपजे तनाव ने मतगणना केंद्र को रणक्षेत्र बना दिया। बसपा समर्थकों ने पुलिस पर पथराव किया, नगर विकास विभाग के अधिकारी की गाड़ी फूंक डाली और केंद्र के बाहर अफरा-तफरी मचा दी।
पथराव और आगजनी में 6 पुलिसकर्मी घायल
इस घटना में सीआरपीएफ (CRPF) के एक इंस्पेक्टर सहित छह पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। चिकित्सकों के अनुसार, घायलों में सीआरपीएफ की एफ-238 बटालियन के एएसआई राजकुमार मिश्रा, सब इंस्पेक्टर कृष्णकांत मिश्रा, हवलदार योगेंद्र शर्मा, हवलदार भीम सेन और गोरखा रेजिमेंट के जवान संजय कुमार राणा शामिल हैं। सभी का स्थानीय अस्पताल में इलाज चल रहा है। प्रशासन ने उपद्रव के लिए बसपा समर्थकों को जिम्मेदार ठहराया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
रामगढ़ सीट पर कांटे की टक्कर से बढ़ा तनाव
रामगढ़ सीट पर मुकाबला बेहद रोचक था। 18वें राउंड तक बसपा प्रत्याशी सतीश कुमार पिंटू लगातार आगे चल रहे थे। इसके बाद भाजपा के अशोक सिंह और पिंटू के बीच बार-बार बढ़त बदलती रही। अंतिम राउंड तक कांटे की टक्कर बनी रही।
परिणाम की घोषणा में देरी पर भड़के समर्थक
बसपा कार्यकर्ता बड़ी संख्या में बाजार समिति परिसर स्थित मतगणना केंद्र के बाहर जमा हो गए। उनका आरोप था कि 24वें राउंड का परिणाम शाम 6:30 बजे घोषित कर दिया गया, लेकिन 25वें और अंतिम राउंड की घोषणा में जानबूझकर देरी की जा रही है। बसपा समर्थकों ने पहले मतगणना केंद्र से दक्षिण सड़क पर धरना दिया और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
पुलिस के बल प्रयोग के बाद स्थिति हुई बेकाबू
मौके पर मौजूद अधिकारी उन्हें समझाने की कोशिश करते रहे, लेकिन भीड़ नहीं मानी। सड़क जाम करने और हंगामा बढ़ने पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया। इसके बाद स्थिति बेकाबू हो गई। उपद्रवियों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया और नगर विकास एवं आवास विभाग के कार्यपालक पदाधिकारी के वाहन को आग के हवाले कर दिया। गाड़ी कुछ ही मिनटों में धू-धू कर जल गई।
अतिरिक्त बल तैनात, आंसू गैस से भीड़ को खदेड़ा
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक हरिमोहन शुक्ला के नेतृत्व में अतिरिक्त बल मतगणना केंद्र से बाहर निकला। उपद्रवियों को खदेड़ने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए। उप विकास आयुक्त सूर्य प्रताप सिंह हेलमेट और सुरक्षा जैकेट पहनकर स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति संभालने के निर्देश दिए। अंततः भारी बल प्रयोग से भीड़ को तितर-बितर किया गया।
Read More :