नए नोटिस का केटीआर ने दिया जवाब
हैदराबाद। बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव (केटीआर) ने फॉर्मूला-ई मामले के सिलसिले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) द्वारा उनके निजी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की मांग करने के नोटिस पर कड़ी आपत्ति जताई। वह औपचारिक रूप से एसीबी के नए नोटिस का जवाब दे रहे थे, जिसमें उन्हें नवंबर 2021 और दिसंबर 2023 के बीच इस्तेमाल किए गए अपने मोबाइल फोन के साथ-साथ लैपटॉप, टैबलेट और अन्य संबंधित गैजेट (Gadget) जमा करने का निर्देश दिया गया था।
अधिकारियों के साथ केटीआर ने किया पूरा सहयोग
रामा राव ने लिखित जवाब में कहा कि उन्होंने 16 जून को सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक अपनी उपस्थिति के दौरान अधिकारियों के साथ पूरा सहयोग किया और जांच के दौरान पूछे गए सभी सवालों का जवाब दिया। हालांकि, जांच समाप्त होने के बाद, उन्हें बीएनएसएस की धारा 94 के तहत एक और नोटिस दिया गया, जिसमें उन्हें नवंबर 2021 और दिसंबर 2023 के बीच इस्तेमाल किए गए अपने निजी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को जमा करने के लिए कहा गया।
सभी निर्णय उनके मंत्री के रूप में आधिकारिक क्षमता में लिए गए
पूर्व मंत्री ने मांग की वैधता और आवश्यकता पर सवाल उठाते हुए कहा कि नोटिस में यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि इन उपकरणों की आवश्यकता क्यों है या वे जांच के लिए कैसे प्रासंगिक हैं। उन्होंने कहा कि फॉर्मूला-ई मामले से संबंधित सभी आधिकारिक रिकॉर्ड तेलंगाना सरकार के नगर प्रशासन और शहरी विकास विभाग के पास हैं और सभी निर्णय उनके मंत्री के रूप में आधिकारिक क्षमता में लिए गए थे।
मौलिक अधिकारों का उल्लंघन
एसीबी की मांग को संविधान में दिए गए मौलिक अधिकारों का उल्लंघन बताते हुए उन्होंने तर्क दिया कि किसी व्यक्ति को बिना किसी स्पष्ट औचित्य के निजी उपकरण सौंपने के लिए बाध्य करना निजता के अधिकार और आत्म-दोष के विरुद्ध सुरक्षा का उल्लंघन है। उन्होंने बताया कि कहीं भी यह स्थापित नहीं किया गया है कि जांच के लिए ऐसे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण आवश्यक थे।
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