Crime : ऑनलाइन ट्रेडिंग ठगी गिरोह का भंडाफोड़, तीन आरोपी गिरफ्तार

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हैदराबाद। साइबराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने राजस्थान (Rajasthan) आधारित म्यूल अकाउंट सप्लाई करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को हैदराबाद से गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 78.66 लाख रुपये की ऑनलाइन निवेश (ट्रेडिंग) धोखाधड़ी से जुड़े मामले में की गई। रफ्तार आरोपियों की पहचान विकास खोखर (30), फिरोज मोहम्मद (26) और नितीश कुमार (19) के रूप में हुई है, जो राजस्थान के नागौर और जयपुर के निवासी हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी एक संगठित अंतरराज्यीय नेटवर्क का हिस्सा थे, जो कमीशन के आधार पर साइबर अपराधियों को म्यूल बैंक खाते (Mule Bank Accounts) उपलब्ध कराते थे।

केवाईसी दस्तावेज जुटाकर ठगों को सौंपते थे

ये लोग विभिन्न व्यक्तियों से बैंक खाते, एटीएम कार्ड, सिम कार्ड और केवाईसी दस्तावेज जुटाकर ठगों को सौंपते थे। इन खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन निवेश ठगी समेत अन्य साइबर अपराधों से प्राप्त रकम को ट्रांसफर करने के लिए किया जाता था। तकनीकी निगरानी और वित्तीय लेनदेन के विश्लेषण के आधार पर आरोपियों का पता लगाकर उन्हें हैदराबाद में गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान, पूरे मनी ट्रेल का पता लगाने और संबंधित खातों को फ्रीज करने की दिशा में जांच कर रही है। साइबर क्राइम पुलिस ने आम नागरिकों को चेतावनी दी है कि वे किसी भी लालच में आकर अपने बैंक खाते, एटीएम कार्ड, सिम कार्ड या व्यक्तिगत दस्तावेज किसी को न दें, क्योंकि ऐसा करना कानूनन अपराध है।

बैंकिंग में म्यूल अकाउंट क्या होता है?

ऐसा बैंक खाता जिसमें किसी और के कहने पर संदिग्ध या अवैध धनराशि जमा और ट्रांसफर की जाती है, उसे म्यूल अकाउंट कहा जाता है। साइबर ठगी, ऑनलाइन फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग में ऐसे खातों का गलत उपयोग होता है। कई बार लोग लालच या अनजाने में अपना खाता दूसरों को उपयोग करने देते हैं। यह कानूनी रूप से गंभीर मामला है और इससे खाता धारक भी जांच के दायरे में आ सकता है।

0 बैलेंस खाता खोलने वाला कौन सा बैंक है?

कई सरकारी और निजी बैंक शून्य बैलेंस खाता सुविधा देते हैं, खासकर जन धन योजना के तहत। State Bank of India, Punjab National Bank, Bank of Baroda और अन्य बैंक बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट अकाउंट उपलब्ध कराते हैं। इसमें न्यूनतम राशि रखने की बाध्यता नहीं होती, लेकिन कुछ सुविधाएं सीमित हो सकती हैं।

मोबाइल में बैंक खाता कैसे चेक करें?

मोबाइल बैंकिंग ऐप, इंटरनेट बैंकिंग, एसएमएस बैंकिंग या मिस्ड कॉल सेवा के माध्यम से खाते की जानकारी देखी जा सकती है। संबंधित बैंक का आधिकारिक ऐप डाउनलोड करके लॉगिन करें और बैलेंस, मिनी स्टेटमेंट तथा लेनदेन की जानकारी प्राप्त करें। कई बैंक रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर मिस्ड कॉल देकर बैलेंस बताने की सुविधा भी देते हैं। UPI ऐप से भी खाते की स्थिति देखना आसान हो गया है।

म्यूल अकाउंट का उपयोग करने वाले व्यक्ति को क्या जोखिम होता है?

ऐसे खाते का उपयोग करने वाला व्यक्ति पुलिस जांच, बैंक कार्रवाई और कानूनी परेशानी में फंस सकता है। खाता फ्रीज हो सकता है, लेनदेन रोके जा सकते हैं और धोखाधड़ी या मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में पूछताछ हो सकती है। यदि जानबूझकर शामिल पाया गया, तो गिरफ्तारी और सजा भी संभव है। इसलिए किसी अजनबी के कहने पर अपना बैंक खाता उपयोग करने देना बहुत खतरनाक माना जाता है।

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Ajay Kumar Shukla

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Ajay Kumar Shukla

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