Cruise Ship: क्रूज शिप पर ‘हंतावायरस’ का कहर

Read Time:  1 min
Cruise Ship
Cruise Ship
FONT SIZE
GET APP

3 की मौत, अफ्रीका तट पर जहाज को किया गया क्वारंटीन

प्राया: अटलांटिक महासागर में यात्रा कर रहे क्रूज शिप(Cruise Ship) ‘MV होंडियस’ पर चूहों से फैलने वाले हंतावायरस ने तीन लोगों की जान ले ली है। वर्तमान में इस जहाज को अफ्रीकी देश केप वर्डे की राजधानी प्राया में रोक दिया गया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, जहाज पर सवार 200 से अधिक लोगों में से कई बीमार हैं और संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए यात्रियों को नीचे उतरने की अनुमति नहीं दी गई है। यह जहाज अर्जेंटीना से रवाना होकर यूरोप(Europe) की ओर जा रहा था, लेकिन बीच रास्ते में ही यह त्रासदी हो गई

कैसे फैलता है यह जानलेवा वायरस?

हंतावायरस मुख्य रूप से चूहों और गिलहरियों के माध्यम से इंसानों में फैलता है। यह वायरस हवा के जरिए नहीं फैलता, बल्कि संक्रमित चूहों के मल-मूत्र, लार या उनके काटने से इंसानों तक पहुँचता है। यदि कोई व्यक्ति ऐसी किसी सतह को छूता है जहाँ चूहे की लार या मल मौजूद हो और फिर अपने मुँह या नाक को छूता है, तो वह संक्रमित हो सकता है। यह वायरस इंसानों के फेफड़ों पर हमला करता है, जिसे ‘हंतावायरस पल्मोनरी सिंड्रोम’ (HPS) कहा जाता है।

अन्य पढ़े: नेपाल में बालेन सरकार का बड़ा फैसला: 1,594 राजनीतिक नियुक्तियां खत्म, सियासत में मचा हड़कंप

इलाज का अभाव और उच्च मृत्यु दर

कोरोना से भी अधिक खतरनाक माना जाता है हंतावायरस को क्योंकि इसकी मृत्यु दर (Death Rate) करीब 38% है। कुछ स्ट्रेन में तो यह खतरा 54% तक पहुँच जाता है। वर्तमान में इस बीमारी की कोई विशेष वैक्सीन या तय इलाज उपलब्ध नहीं है; मरीजों का उपचार केवल उनके लक्षणों के आधार पर किया जाता है। गंभीर स्थिति में मरीजों को ऑक्सीजन थेरेपी और वेंटिलेटर की आवश्यकता होती है। वैज्ञानिकों के अनुसार, संक्रमण के लक्षण दिखने के 7 से 10 दिनों के भीतर मरीज की स्थिति बेहद गंभीर हो सकती है।

हंतावायरस क्या है और यह इंसानों में कैसे प्रवेश करता है?

हंतावायरस एक वायरल संक्रमण है जो मुख्य रूप से चूहों से फैलता है। यह इंसानों में तब फैलता है जब वे चूहों के मल-मूत्र, लार के संपर्क में आते हैं या संक्रमित चूहा उन्हें काट लेता है। दूषित भोजन खाने से भी इसका संक्रमण हो सकता है।

क्या हंतावायरस का कोई टीका (Vaccine) उपलब्ध है?

नहीं, अब तक हंतावायरस के लिए कोई आधिकारिक वैक्सीन तैयार नहीं हो सकी है। इसका इलाज केवल लक्षणों के आधार पर किया जाता है, जिसमें शुरुआती पहचान और ऑक्सीजन सपोर्ट सबसे महत्वपूर्ण होता है।

अन्य पढ़े:

Dhanarekha

लेखक परिचय

Dhanarekha

सूचना : इस वेबसाइट पर प्रकाशित खबरें केवल पाठकों की जानकारी के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम अपनी ओर से यथासंभव सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का प्रयास करते हैं।